भोपाल News

मध्यप्रदेश में लाख कोशिशों के बावजूद बढ़ रहा प्रेग्नेंसी लॉस

Last Modified - June 30, 2017, 5:19 pm

 

मध्यप्रदेश में सरकार की लाख कोशिशों के बावजूद प्रेग्नेंसी लॉस बढ़ता जा रहा है. प्रेग्नेंसी लॉस रेट में मध्यप्रदेश देश में दूसरे पायदान पर आ खड़ा हुआ है. नेशनल हेल्थ मिशन की हाल ही में आई रिपोर्ट में ये खुलासा हुआ है.

गर्भवती महिलाओं और गर्भस्थ शिशुओं की मृत्यु दर कम करने के लिए केंद्र और राज्य सरकार लगातार कोशिश कर रही है. बावजूद इसके नेशनल हेल्थ मिशन की हालिया रिपोर्ट में जो आंकड़े आए. वो चिंता जनक है. साल 2015 की बात करें तो गर्भवती महिलाओ की मौत में महाराष्ट्र अव्वल रहा. इस दौरान वहां 633 महिलाओं की मौत हुई. जबकि मध्यप्रदेश दूसरे नंबर पर रहा. यहां 113 महिलाओं की मौत हुई. जबकि 2014 में मौत का आंकड़ा 109 था.

नेशनल हेल्थ मिशन के अनुसार मध्यप्रदेश में अप्रैल 2016 से अक्टूबर 2016 तक 6 महीने में 10 लाख 59 हजार महिलाए गर्भवती हुई. इसमें से 5 फीसदी प्रेग्नेंसी लॉस की शिकार हुई. ज्यादातर मामलों में मेडिकल सर्विसेज नहीं मिल पाने से प्रग्नेंसी लॉस होता है. नेशनल हेल्थ मिशन की रिपोर्ट के आंकड़े बता रहे है. कि गर्भवती महिलाओं और गर्भस्थ शिशुओं की मृत्यु दर कम करने के लिए सरकार को अभी और ठोस कदम उठाने की जरूरत है.

Trending News

Related News