आलिया की दमदार एक्टिंग, फिल्म देखने करेगी राज़ी

Reported By: Pushpraj Sisodiya, Edited By: Pushpraj Sisodiya

Published on 12 May 2018 05:33 PM, Updated On 12 May 2018 05:33 PM

डायरेक्टर मेघना गुलजार की फिल्म राजी आज रिलीज हो गयी है। कुछ साल पहले आरुषि तलवार मर्डर मिस्ट्री पर आधारित फिल्म 'तलवार' से सुर्खियों में आई मेघना इस बार असली ज़िंदगी का सच लाने की कोशिश में है फिल्म 'राजी' हरिंदर सिक्का के उपन्यास 'कॉलिंग सहमत' पर आधारित है। आइये जानते है नीलम अहिरवार से इस फिल्म के बारे में-

क्या है कहानी 

फिल्म की कहानी कश्मीर के रहने वाले हिदायत खान ( रजित कपूर) और उनकी बेगम तेजी (सोनी राजदान) से शुरू होती है, जिनकी बेटी सहमत ( आलिया भट्ट) दिल्ली में पढ़ाई करती है. भारत के जासूसी ट्रेनिंग के हेड खालिद मीर (जयदीप अहलावत ) हिदायत के बड़े अच्छे दोस्त होते हैं. हिदायत का काम खुफिया जानकारियों को सही समय पर देश की सुरक्षा के लिए सही जगह पहुंचाना है. इसी बीच कुछ ऐसा होता है, जिसकी वजह से सहमत की शादी पाकिस्तान के आर्मी अफसर के छोटे बेटे इकबाल सैयद (विक्की कौशल ) से कर दी जाती है.जब सहमत पाकिस्तान पहुंचती है तो कई पाकिस्तानी दस्तावेज और खुफिया जानकारी भारत की सुरक्षा एजेंसियों तक पहुंचाती है. इसी बीच बहुत सारे ट्विस्ट और टर्न्स आते हैं और भारत-पाकिस्तान के बीच हुए 1971 के युद्ध के बारे में बहुत बड़ा खुलासा भी होता है. एक तरफ सहमत पाकिस्तानी परिवार की बहू तो दूसरी तरफ भारत की बेटी होती है. अंततः क्या होता है, यह जानने के लिए आपको फिल्म देखनी पड़ेगी.

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बात अगर आलिया भट्ट की एक्टिंग की जाए तो इसमें कोई शक नहीं है कि आलिया एक बेहतरीन एक्टर हैं और उन्होंने सहमत के रोल के साथ न्याय किया है.छोटी छोटी बातों का उन्होंने ख्याल रखा है।आलिया ने अपने  रोल में जान डाल दी है। विक्की कौशल का रोल ज्यादा नहीं है.लेकिन फिर भी वो अपनी एक्टिंग में जमे रहे हैं .बाकी कलाकारों का काम भी बेहतर है.इस फिल्म की खास बात ये है की आलिया की रियल मां सोनी राजदान ने भी अपनी बेटी के साथ फिल्म में एक्टिंग की है .कुल मिलकर ये फिल्म देशभक्ति से प्रेरित फिल्म है जिसमें आपको सिर्फ एक मैसेज मिलता है.

 

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वतन से बढ़कर कुछ नहीं मैं भी नहीं....और इसी सवाल का जवाब आपको फिल्म में मिलेगा..कि एक गुमनाम जासूस कैसे देश के लिए अपनी जान कुर्बान करने को तैयार रहता है। मेघना गुलजार का डायरेक्शन कमाल का है...1971 के भारत के कश्मीर और पाकिस्तान इलाकों को दिखाया गया है इसी के साथ जासूसी कोड वर्ड को बड़े ही बारीकी से साथ पेश किया गया है जिसे समझने में आपको दिक्कत नहीं होगी।फिल्म की कमी बस इतनी है कि ये फिल्म थोड़ी स्लो है लेकिन इसकी कहानी आपको बोर नहीं करेगी.लेकिन वो कहा है ना कि वतन से बढ़कर कुछ नहीं मैं भी नहीं.देशभक्ति से प्रेरित आलिया विक्की और मेघना गुलजार की फिल्म को मेरी तरफ से 3.5/5 स्टार..

 

 

वेब डेस्क IBC24

Web Title : Film Raazi Review:

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