News

सरकार ने सुप्रीम कोर्ट से कहा- क्रीमी लेयर के आधार पर एससी/एसटी कर्मचारी प्रमोशन से नहीं होंगे वंचित

Created at - August 16, 2018, 7:03 pm
Modified at - August 16, 2018, 7:03 pm

नई दिल्ली। एससी/एसटी वर्ग के सरकारी कर्मचारियों को पदोन्नति मामले में केंद्र सरकार ने गुरुवार को शीर्ष अदालत में जानकारी दी कि क्रीमी लेयर के सिद्धांत को लागू कर उन्हें पदोन्नति में आरक्षण के लाभ से वंचित नहीं किया जा सकता। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि जाति और पिछड़ेपन का ठप्पा अब भी समुदाय के साथ जुड़ा हुआ है।

पांच न्यायाधीशों वाली और प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा की अध्यक्षता वाली संविधान पीठ को अटॉर्नी जनकरल ने बताया कि ऐसा कोई फैसला नहीं है जो यह कहता हो कि एससी/एसटी समुदाय के समृद्ध लोगों को क्रीमी लेयर सिद्धांत के आधार पर आरक्षण का लाभ देने से इनकार किया जा सकता है।

यह भी पढ़ें : अटल के निधन पर रमन ने जताया दुख, कहा- देश की राजनीति के एक चमकदार सितारे का अंत

कोर्ट ने जानना चाहा कि क्या क्रीमी लेयर सिद्धांत को लागू करके उन लोगों को लाभ से वंचित किया जा सकता है जो इससे बाहर आ चुके हैं ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि एससी/एसटी समुदाय के पिछड़े लोगों तक आरक्षण का लाभ पहुंच सके।

अटॉर्नी जनरल ने जानकारी दी कि हालांकि समुदाय के कुछ लोग इससे उबर चुके हैं लेकिन फिर भी जाति और पिछड़ेपन का ठप्पा अभी भी उन पर लगा हुआ है। पांच न्यायाधीशों की पीठ यह देख रही है कि सरकारी नौकरियों में पदोन्नति में आरक्षण के संबंध में क्रीमी लेयरसे जुड़े उसके 12 वर्ष पुराने फैसले को सात सदस्यीय पीठ द्वारा फिर से देखने की जरूरत तो नहीं है।

वेब डेस्क, IBC24


Download IBC24 Mobile Apps

Trending News

Related News