टीसीएस का शुद्ध लाभ दूसरी तिमाही में बढ़कर 12,075 करोड़ रुपये, राजस्व 65,799 करोड़ रुपये पर

टीसीएस का शुद्ध लाभ दूसरी तिमाही में बढ़कर 12,075 करोड़ रुपये, राजस्व 65,799 करोड़ रुपये पर

टीसीएस का शुद्ध लाभ दूसरी तिमाही में बढ़कर 12,075 करोड़ रुपये, राजस्व 65,799 करोड़ रुपये पर
Modified Date: October 9, 2025 / 06:43 pm IST
Published Date: October 9, 2025 6:43 pm IST

नयी दिल्ली, नौ अक्टूबर (भाषा) देश की सबसे बड़ी आईटी सेवा कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस) का एकीकृत शुद्ध लाभ चालू वित्त वर्ष की जुलाई-सितंबर तिमाही में 1.4 प्रतिशत बढ़कर 12,075 करोड़ रुपये रहा।

विभिन्न क्षेत्रों, विशेष रूप से बैंकिंग, वित्तीय सेवाओं और बीमा खंड में व्यापक वृद्धि के कारण कंपनी का लाभ बढ़ा है।

कंपनी ने वित्त वर्ष 2024-25 की समान तिमाही में 11,909 करोड़ रुपये का लाभ अर्जित किया था।

टीसीएस ने बृहस्पतिवार को शेयर बाजार को दी सूचना में कहा कि वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही में उसका परिचालन राजस्व 2.39 प्रतिशत बढ़कर 65,799 करोड़ रुपये हो गया जबकि पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में यह 64,259 करोड़ रुपये था।

तिमाही आधार पर लाभ में 5.3 प्रतिशत की गिरावट आई, हालांकि राजस्व में 3.7 प्रतिशत की वृद्धि हुई।

टीसीएस के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) और प्रबंध निदेशक के. कृतिवासन ने कहा, ‘‘मैं दूसरी तिमाही के मजबूत प्रदर्शन से संतुष्ट हूं। मैं सभी कर्मचारियों को उनकी प्रतिबद्धता और उत्कृष्टता के लिए धन्यवाद देना चाहता हूं। हम दुनिया की सबसे बड़ी एआई-आधारित प्रौद्योगिकी सेवा कंपनी बनने के रास्ते पर हैं। हमारी यात्रा प्रतिभा, बुनियादी ढांचे, भागीदारियों और ग्राहक मूल्य में साहसिक बदलाव पर आधारित है। हमारी निवेश योजनाएं इस परिवर्तन के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं।’’

कंपनी ने कहा कि कुल अनुबंध मूल्य (टीसीवी) दूसरी तिमाही में 10 अरब डॉलर रहा।

टीसीएस के मुख्य वित्त अधिकारी समीर सेक्सारिया ने कहा कि कंपनी के अनुशासित क्रियान्वयन ने रणनीतिक निवेशों के साथ-साथ लाभांश में वृद्धि में भी मदद की है।

उन्होंने कहा, ‘इस तिमाही में हमें सभी क्षेत्रों में अच्छी वृद्धि गति हासिल हुई। हमने वेतन वृद्धि, भविष्य के लिए तैयार क्षमताओं का निर्माण और नई भागीदारियां स्थापित करने को प्राथमिकता दी है। ‘

वित्त वर्ष 2025-26 की दूसरी तिमाही के दौरान कंपनी के प्रौद्योगिकी और सेवा खंड ने सालाना आधार पर 2.8 प्रतिशत की उच्चतम वृद्धि दर्ज की, जबकि बीएफएसआई (बैंकिंग, वित्तीय सेवाएं और बीमा) सालाना आधार पर एक प्रतिशत बढ़ा।

सकल रूप में बीएफएसआई से राजस्व दूसरी तिमाही में 8.12 प्रतिशत बढ़कर 25,717 करोड़ रुपये रहा, जो वित्त वर्ष 2024-25 की दूसरी तिमाही में 23,785 करोड़ रुपये था।

उपभोक्ता व्यवसाय खंड ने 10,351 करोड़ रुपये का राजस्व अर्जित किया, जो पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में 10,025 करोड़ रुपये था।

भौगोलिक बाजारों में उत्तर अमेरिका में अमेरिका का कारोबार 0.1 प्रतिशत घटा, जबकि लातिन अमेरिका में 1.8 प्रतिशत की वृद्धि हुई।

भारत में समीक्षाधीन तिमाही के दौरान 33.3 प्रतिशत की गिरावट देखी गई। देश का कुल राजस्व में योगदान 5.8 प्रतिशत रहा, जबकि पिछले वित्त वर्ष की इसी तिमाही में यह 8.9 प्रतिशत था।

टीसीएस ने भारत में एक पूर्ण स्वामित्व वाली अनुषंगी कंपनी की स्थापना की भी घोषणा की है, जो बुनियादी ढांचा और प्रौद्योगिकी-आधारित सेवाएं प्रदान करने के लिए कई एआई और सॉवरेन डेटा केंद्र स्थापित करेगी।

कंपनी ने इस दस्तावेज में कहा है कि वह भारत में एक गीगावाट क्षमता का एआई डेटा केंद्र बनाने के लिए एक नई व्यावसायिक इकाई स्थापित करेगी।

इसके अलावा, टीसीएस ने बताया कि उसने अमेरिकी कंपनी लिस्टएंगेज में 7.2 करोड़ डॉलर (प्रबंधन प्रोत्साहन और लागत को छोड़कर) में 100 प्रतिशत हिस्सेदारी हासिल कर ली है।

टीसीएस ने कंपनी के एक रुपये मूल्य के प्रत्येक इक्विटी शेयर पर 11 रुपये का दूसरा अंतरिम लाभांश घोषित किया है।

भाषा योगेश रमण

रमण


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