दिल्ली न्यायाधिकरण ने सड़क हादसे के पीड़ित को 23 लाख रुपये का मुआवजा दिया

दिल्ली न्यायाधिकरण ने सड़क हादसे के पीड़ित को 23 लाख रुपये का मुआवजा दिया

दिल्ली न्यायाधिकरण ने सड़क हादसे के पीड़ित को 23 लाख रुपये का मुआवजा दिया
Modified Date: June 28, 2026 / 06:04 pm IST
Published Date: June 28, 2026 6:04 pm IST

नयी दिल्ली, 28 जून (भाषा) दिल्ली के एक मोटर दुर्घटना दावा न्यायाधिकरण (एमएसीटी) ने वर्ष 2020 में सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल होने और स्थायी रूप से दिव्यांग होने वाले एक व्यक्ति को 23 लाख रुपये से अधिक का मुआवजा देने का निर्देश दिया है।

पीठासीन अधिकारी सुदीप राज सैनी परमानंद राय द्वारा दायर एक दावा याचिका पर सुनवाई कर रहे थे।

एमएसीटी ने नौ जून के अपने आदेश में कहा कि संबंधित दुर्घटना प्रथम प्रतिवादी देवेंद्र द्वारा लापरवाही और तेज गति से कार चलाने के कारण हुई थी।

इसके अनुसार, राय 29 फरवरी, 2020 की रात नजफगढ़ में सड़क पार कर रहे थे, तभी एक तेज रफ्तार कार ने उन्हें टक्कर मार दी थी।

अदालत की कार्यवाही के अनुसार, दुर्घटना के समय राय सब्जी विक्रेता के रूप में काम कर रहे थे।

न्यायाधिकरण ने राय की शारीरिक अक्षमता और कमाई की क्षमता के नुकसान का आकलन 30 प्रतिशत किया और विभिन्न मदों के तहत उन्हें मुआवजे के रूप में 23.16 लाख रुपये देने का आदेश दिया।

न्यायाधिकरण ने संज्ञान लिया कि दुर्घटना के समय कार का बीमा था और उसने बीमा कंपनी को मुआवजे की राशि पीड़ित के खाते में जमा करने का निर्देश दिया।

भाषा प्रचेता सुरेश

सुरेश


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