कश्मीरी अलगाववादी नेता अल्ताफ शाह की कैंसर से एम्स में मौत |

कश्मीरी अलगाववादी नेता अल्ताफ शाह की कैंसर से एम्स में मौत

कश्मीरी अलगाववादी नेता अल्ताफ शाह की कैंसर से एम्स में मौत

: , November 29, 2022 / 09:00 PM IST

नयी दिल्ली, 11 अक्टूबर (भाषा) दिवंगत हुर्रियत नेता सैयद अली शाह गिलानी के दामाद एवं कश्मीरी अलगाववादी नेता अल्ताफ अहमद शाह की मंगलवार तड़के यहां अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (एम्स) में कैंसर से मौत हो गई।

‘अल्ताफ फंटूश’ के नाम से चर्चिच शाह की उम्र 66 वर्ष थी। उसे कुछ दिन पहले ही दिल्ली उच्च न्यायालय के आदेश के बाद तिहाड़ जेल से एम्स में भर्ती कराया गया था।

शाह के परिवार में उसकी पत्नी, बेटा और दो बेटियां हैं।

शाह को छह अन्य लोगों के साथ आतंकवाद के वित्तपोषण के मामले में 2017 में गिरफ्तार किया गया था।

उधर श्रीनगर में मीरवाइज उमर फारुख के नेतृत्व वाले हुर्रियत कॉन्फ्रेंस के धड़े ने शाह के निधन पर शोक व्यक्त किया है।

शाह के शव को अस्पताल ने आवश्यक औपचारिकताओं के बाद परिवार के सदस्यों को सौंप दिया और अंतिम संस्कार के लिए शव को श्रीनगर ले जाया जा रहा है।

बीमारी का पता चलने पर उसे यहां राम मनोहर लोहिया (आरएमएल) अस्पताल में भर्ती कराया गया था। पिछले हफ्ते दिल्ली उच्च न्यायालय के दखल के बाद उसे एम्स में भर्ती किया गया था।

अदालत ने तीन अक्टूबर को उसे एम्स में स्थानांतरित करने का आदेश देते हुए कहा था, “उपयुक्त उपचार संविधान के अनुच्छेद 21 में निहित मौलिक अधिकार का हिस्सा है।”

कभी गिलानी का उत्तराधिकारी माने जाने वाला शाह सोमवार की देर शाम कोमा में चला गया था और मध्यरात्रि में उसे मृत घोषित कर दिया गया था।

अदालत में अपने पिता का मामला लड़ रही शाह की बेटी ने ‘पीटीआई-भाषा’ को बताया, “हमें अब्बू के कल रात गुजर जाने की खबर दी गई है।”

मंगलवार शाम को उसने बताया कि आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करने के बाद शव परिवार को सौंप दिया गया है और वे अंतिम संस्कार के लिए घर लौट रहे हैं।

पुलिस पहरे के साथ शव को हवाई अड्डे ले जाने से पहले उस पर एम्स में लेप लगाया गया।

रुवा शाह ने एक ट्वीट में कहा, “अब्बू ने एम्स, नयी दिल्ली में अंतिम सांस ली। एक कैदी के रूप में।”

श्रीनगर के शौरा इलाके के रहने वाले शाह को 25 जुलाई 2017 को गिरफ्तार किया गया था। इस मामले की जांच राष्ट्रीय अन्वेषण अभिकरण द्वारा की जा रही है।

शाह के वकील ने अदालत को बताया था कि वह राममनोहर लोहिया अस्पताल (आरएमएल) में कुछ गंभीर बीमारियों का इलाज करा रहा था, लेकिन हाल में पता चला कि वह गुर्दे के कैंसर से पीड़ित है।

वहीं श्रीनगर में मीरवाइज उमर फारुख के नेतृत्व वाले हुर्रियत कॉन्फ्रेंस के धड़े ने कश्मीरी अलगाववादी अल्ताफ अहमद शाह के निधन पर शोक व्यक्त किया है।

हुर्रियत ने एक बयान में कहा, “ऑल पार्टीज हुर्रियत कॉन्फ्रेंस (एपीएचसी) ने 2017 से दिल्ली की तिहाड़ जेल में बंद अल्ताफ अहमद शाह (फंटूश) की मौत पर दुख और अफसोस व्यक्त किया है।”

बयान में कहा गया, “एपीएचसी तिहाड़ सहित भारत की विभिन्न जेलों में वर्षों से बंद कश्मीरी कैदियों की दुर्दशा पर गंभीर चिंता व्यक्त करता है। उचित चिकित्सा सुविधाओं की कमी के कारण, बीमार कैदियों की जान हमेशा जोखिम में रहती है।”

भाषा

प्रशांत माधव

माधव

 

(इस खबर को IBC24 टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)