कॉर्बेट में ‘टाइगर सफारी’ के लिए 6,000 से अधिक पेड़ गिराए गए : एफएसआई |

कॉर्बेट में ‘टाइगर सफारी’ के लिए 6,000 से अधिक पेड़ गिराए गए : एफएसआई

कॉर्बेट में ‘टाइगर सफारी’ के लिए 6,000 से अधिक पेड़ गिराए गए : एफएसआई

: , October 3, 2022 / 07:59 PM IST

ऋषिकेश, तीन अक्टूबर (भाषा) भारतीय वन सर्वेक्षण (एफएसआई) ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि कॉर्बेट बाघ अभयारण्य के कालागढ़ वन प्रभाग में ‘टाइगर सफारी’ शुरू करने के लिए 6,000 से अधिक पेड़ अवैध रूप से काटे गए थे।

उत्तराखंड वन विभाग ने ‘टाइगर सफारी परियोजना’ के लिए यह कहते हुए केंद्रीय वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय की मंजूरी ली थी कि इस प्रक्रिया में केवल 163 पेड़ काटे जाएंगे।

हालांकि, एफएसआई ने अपनी रिपोर्ट में कहा है कि कालागढ़ वन प्रभाग के अंतर्गत पखरो में ‘टाइगर सफारी परियोजना’ के लिए 163 के स्थान पर 16.21 हेक्टेयर भूमि में लगे 6,093 पेड़ काटे गए।

इस साल जून में एफएसआई द्वारा किए गए एक सर्वेक्षण पर आधारित यह रिपोर्ट हाल ही में उत्तराखंड के वन बल के प्रमुख विनोद कुमार सिंघल को सौंपी गई थी।

संपर्क करने पर सिंघल ने कहा कि वह एफएसआई के सर्वेक्षण के लिए नमूने लेने की तकनीक से असहमत हैं। सिंघल ने बताया कि उन्होंने अपनी टिप्पणियों के साथ एक रिपोर्ट उत्तराखंड सरकार और एफएसआई को भेज दी है।

कॉर्बेट के बफर जोन में पेड़ों की अवैध कटाई और वहां हुए अवैध निर्माण की जांच लगभग आधा दर्जन समितियों द्वारा की गई है। इन समितियों ने मामले में वन अधिकारियों की संलिप्तता पाई है।

मामला सामने आने के बाद जांच समितियों द्वारा दोषारोपित किये जाने पर इनमें से कई वन अधिकारियों को या तो स्थानांतरित या फिर निलंबित कर दिया गया है।

भाषा पारुल दिलीप

दिलीप

 

(इस खबर को IBC24 टीम ने संपादित नहीं किया है. यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)