उप्र : तकनीकी समिति की रिपोर्ट आने तक स्मार्ट मीटर पर लगी रोक

उप्र : तकनीकी समिति की रिपोर्ट आने तक स्मार्ट मीटर पर लगी रोक

उप्र : तकनीकी समिति की रिपोर्ट आने तक स्मार्ट मीटर पर लगी रोक
Modified Date: April 19, 2026 / 10:15 pm IST
Published Date: April 19, 2026 10:15 pm IST

लखनऊ, 19 अप्रैल (भाषा) उत्तर प्रदेश सरकार ने बिजली उपभोक्ताओं को राहत देते हुए पुराने मीटरों को स्मार्ट मीटर में बदलने की प्रक्रिया पर अस्थायी रोक लगा दी है। यह निर्णय मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के निर्देश पर गठित तकनीकी समिति की रिपोर्ट आने तक लागू रहेगा।

प्रदेश के ऊर्जा एवं नगर विकास मंत्री ए.के. शर्मा ने यहां आयोजित समीक्षा बैठक में विद्युत व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और उपभोक्ता हितैषी बनाने के उद्देश्य से कई निर्णयों की घोषणा की।

मंत्री ने बताया कि जब तक तकनीकी समिति अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत नहीं कर देती और उसकी जांच पूरी नहीं हो जाती, तब तक पुराने मीटरों को स्मार्ट मीटर में बदलने की प्रक्रिया तत्काल प्रभाव से स्थगित रहेगी।

उन्होंने कहा कि जहां हाल ही में स्मार्ट मीटर लगाए गए हैं, वहां उपभोक्ताओं को राहत देते हुए लगभग 15 दिन की कन्वर्जन अवधि और उसके बाद 30 दिन, यानी कुल करीब 45 दिन तक किसी का भी बिजली कनेक्शन नहीं काटा जाएगा।

इसके अलावा, स्मार्ट मीटर उपभोक्ताओं के लिए यह व्यवस्था की गई है कि शून्य बैलेंस की स्थिति में भी अधिकतम तीन दिन या 200 रुपये तक (दो किलोवाट भार तक) बिजली आपूर्ति बाधित नहीं होगी।

उपभोक्ताओं को समय पर सूचना देने के लिए पांच-स्तरीय एसएमएस अलर्ट प्रणाली लागू की जाएगी, जिसके तहत बैलेंस 30 प्रतिशत, 10 प्रतिशत, शून्य होने, डिस्कनेक्शन से एक दिन पहले और डिस्कनेक्शन के बाद संदेश भेजे जाएंगे।

सरकार द्वारा जारी बयान के अनुसार, रविवार और अन्य अवकाश के दिनों में बैलेंस नकारात्मक होने पर भी किसी भी स्थिति में बिजली कनेक्शन नहीं काटा जाएगा।

गर्मी के मौसम को देखते हुए मंत्री ने सभी बिजली वितरण कंपनियों को निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं।

उन्होंने कहा कि ट्रांसफार्मर बदलने में देरी न हो और ढीले तारों तथा स्पार्किंग जैसी समस्याओं का तत्काल समाधान किया जाए।

भाषा

सलीम रवि कांत


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