केदारनाथ धाम से जुड़े ऐसे 10 रहस्य, जो आस्था और विज्ञान दोनों को हैरान कर देते हैं।
कुछ रिपोर्टों में दावा किया गया कि DRDO की जांच के दौरान शिवलिंग के आसपास अलग तरह की ऊर्जा महसूस की गई।
जांच में कहा गया कि केदारनाथ के जल में दुर्लभ खनिज पाए गए और सामान्य बैक्टीरिया नहीं मिले।
IIT दिल्ली की एक जांच में केदारनाथ के पानी की शुद्धता ने वैज्ञानिकों का ध्यान खींचा।
IIT दिल्ली की रिपोर्ट के अनुसार भीम शिला बेहद मजबूत ग्रेनाइट चट्टान मानी जाती है।
कुछ दावों के अनुसार सैटेलाइट तस्वीरों में भीम शिला की अहम भूमिका सामने आई।
मान्यता है कि 2013 की भीषण आपदा में भीम शिला ने मंदिर को बड़े नुकसान से बचाने में मदद की।
कुछ लोगों का दावा है कि अमावस्या की रात गर्भगृह में दिव्य प्रकाश दिखाई देता है।
श्रद्धालुओं का कहना है कि महामृत्युंजय मंत्र के जाप के दौरान विशेष सकारात्मक ऊर्जा महसूस होती है।