30 जुलाई से सावन का पावन महीना शुरू होगा। इसकी समाप्ति 28 अगस्त को सावन पूर्णिमा के दिन होगी। पूरा महीना भगवान शिव की आराधना के लिए बेहद शुभ माना जाता है।

इस साल सावन में 4 सोमवार पड़ेंगे। * पहला: 3 अगस्त * दूसरा: 10 अगस्त * तीसरा: 17 अगस्त * चौथा: 24 अगस्त

10 अगस्त को सावन के दूसरे सोमवार पर सोम प्रदोष व्रत का शुभ संयोग बन रहा है। इस दिन शिव पूजा और व्रत करने से विशेष पुण्य मिलने की मान्यता है।

17 अगस्त को सावन सोमवार के साथ नाग पंचमी भी मनाई जाएगी। इस दिन भगवान शिव और नाग देवता की पूजा का महत्व कई गुना बढ़ जाता है।

श्रावण मास में रुद्राभिषेक अन्य दिनों की तुलना में अधिक फलदायी माना जाता है। इससे भगवान शिव शीघ्र प्रसन्न होते हैं।

रुद्राभिषेक करने से ग्रह दोष शांति, वैवाहिक सुख, धन लाभ, संतान सुख और करियर में उन्नति मिलने की मान्यता है।

सावन सोमवार पर पारद शिवलिंग या पार्थिव शिवलिंग की पूजा करना अत्यंत शुभ माना गया है। श्रद्धा से किया गया पूजन विशेष फल देता है।

सावन सोमवार की सुबह शिवलिंग का जल, दूध आदि से अभिषेक करें। शाम के समय भगवान शिव का ध्यान और मानसिक पूजा करना शास्त्रों के अनुसार शुभ माना गया है।