कीव, नौ जून (एपी) यूक्रेन की सेना ने रूस और कब्जे वाले यूक्रेन में तेल प्रतिष्ठानों पर हमला किया। यूक्रेन और रूस के अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।
यूक्रेन का यह हमला रूस को युद्ध के लिए आर्थिक रूप से जवाबदेह ठहराने के अभियान का हिस्सा था।
इसके अलावा, यूक्रेन के राष्ट्रपति वोलोदिमीर जेलेंस्की ने पुष्टि की है कि रूसी व्यवसायी रोमन अब्रामोविच ने यूक्रेन और रूस के बीच संदेशों के आदान प्रदान के लिए मध्यस्थ की भूमिका निभाई।
जेलेंस्की ने ‘स्काई न्यूज’ को बताया कि प्रीमियर लीग टीम चेल्सी के पूर्व मालिक अब्रामोविच रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन का संदेश लेकर कीव गए थे।
जेलेंस्की ने कहा कि अब्रामोविच यह संदेश लेकर आए थे कि रूसी पक्ष ‘‘यह समझना चाहता है कि हम क्या करने के लिए तैयार हैं’’। उन्होंने यह भी कहा कि अब्रामोविच ने पुतिन तक उनका जवाब पहुंचाने का प्रस्ताव दिया था।
इस बीच, यूरोपीय संघ की विदेश नीति प्रमुख काजा कल्लास ने कहा कि रूस के खिलाफ प्रस्तावित नए प्रतिबंधों में रूस के ‘‘सैन्य औद्योगिक परिसर, मानवाधिकार उल्लंघनकर्ताओं और प्रचारकों’’ को लक्ष्य कर बनाए गए 80 बिंदु शामिल हैं।
यूरोपीय संघ के रक्षा मंत्रियों की सोमवार को हुई बैठक के बाद आयोजित संवाददाता सम्मेलन में काजा कल्लास ने कहा कि पश्चिमी देशों द्वारा लगाए गए प्रतिबंधों से रूस को अब तक अनुमानित 1.2 से 1.5 ट्रिलियन अमेरिकी डॉलर का आर्थिक नुकसान हो चुका है।
रूस के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि उसकी सेनाओं ने सोमवार तड़के 310 यूक्रेनी ड्रोन मार गिराए, जिनमें मॉस्को क्षेत्र, पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिमी रूस, रूसी-अधिकृत क्रीमिया और काला सागर और आजोव सागर के ऊपर से गुजरने वाले ड्रोन भी शामिल हैं।
रूसी वायु सेना के अनुसार, रूस ने 155 ड्रोन का इस्तेमाल कर यूक्रेन को निशाना बनाया जिनमें से यूक्रेनी वायु रक्षा ने 124 ड्रोन को मार गिराया या निष्क्रिय कर दिया।
यूक्रेन के जनरल स्टाफ ने कहा कि यूक्रेनी सेना ने रात भर रूस के क्रास्नोदार क्राई क्षेत्र पर हमला किया, जिसमें नोवोरोस्सियस्क के पास स्थित ग्रुशोवाया तेल ट्रांसशिपमेंट बेस को निशाना बनाया गया।
रूसी क्षेत्रीय अधिकारियों ने पुष्टि की कि एक यूक्रेनी ड्रोन के कारण केंद्र में आग लगी और कहा कि इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ है। उन्होंने नुकसान की सीमा पर कोई टिप्पणी नहीं की लेकिन उन्होंने कहा कि आग बुझाने में 130 बचावकर्मी लगे हुए थे।
क्रीमिया में ईंधन संकट को लेकर ‘क्रेमलिन’ (रूसी राष्ट्रपति का आधिकारिक आवास एवं कार्यालय) की चिंता के बारे में पूछे जाने पर क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने कहा कि ऊर्जा मंत्रालय और अन्य एजेंसियां स्थिति से निपटने के लिए उपायों पर काम कर रही हैं।
जनरल स्टाफ ने कहा कि वोल्गोग्राद क्षेत्र में स्थित क्रास्नी यार का एक संयंत्र भी प्रभावित हुआ। बयान के अनुसार, केंद्र पर आग लग गई। रूसी गवर्नर आंद्रेई बोचारोव ने यह स्पष्ट नहीं किया कि संयंत्र में क्या उत्पादन होता है, लेकिन उन्होंने कहा कि कोई घायल नहीं हुआ है।
यूक्रेन ने रविवार रात को रूस के कब्जे वाले क्रीमिया प्रायद्वीप में स्थित सेमिकोलोडेजकाया के एक तेल संयंत्र पर भी हमले किए जिससे संयंत्र में आग लग गई। ‘टेलीग्राम’ पर जारी बयान के अनुसार, इस संयंत्र का उपयोग रूसी सेना को ईंधन की आपूर्ति के लिए किया जाता है।
जनरल स्टाफ ने बताया कि यूक्रेनी सेना ने क्रीमिया के फियोडोसिया के पास एक तेल डिपो पर भी हमला किया।
जेलेंस्की ने कहा कि उनका संदेश यही है कि पह पुतिन से रूस या बेलारूस को छोड़कर किसी भी स्थान पर ‘‘कभी भी’’ मुलाकात कर सकते हैं चाहे यह मुलाकात द्विपक्षीय रूप से हो या अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और यूरोपीय नेताओं की भागीदारी के साथ हो।
उन्होंने कहा कि यूक्रेन डोनबास क्षेत्र को नहीं छोड़ेगा, जिसका कुछ हिस्सा वर्तमान में रूस के कब्जे में है।
पुतिन ने पिछले सप्ताह कहा था कि एक रूसी व्यवसायी (जिसका उन्होंने नाम नहीं बताया) पिछले महीने कीव गए थे, जिसमें दोनों नेताओं के बीच मुलाकात का प्रस्ताव रखा गया था, हालांकि रूसी नेता ने मुलाकात के प्रस्ताव को यह कहते हुए खारिज कर दिया कि उन्हें इसमें कोई फायदा नहीं दिखता।
एपी सुरभि रंजन
रंजन