बिहार 2030 तक विकसित राज्यों में होगा शामिल: बिजेंद्र प्रसाद यादव

बिहार 2030 तक विकसित राज्यों में होगा शामिल: बिजेंद्र प्रसाद यादव

बिहार 2030 तक विकसित राज्यों में होगा शामिल: बिजेंद्र प्रसाद यादव
Modified Date: February 23, 2026 / 05:21 pm IST
Published Date: February 23, 2026 5:21 pm IST

पटना, 23 फरवरी (भाषा) बिहार के वित्त मंत्री बिजेंद्र प्रसाद यादव ने सोमवार को विधानसभा में कहा कि राज्य 2030 तक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल होगा और विकास योजनाओं के लिए धन की कोई कमी नहीं है व राज्य सरकार योजनाबद्ध तरीके से काम कर रही है।

वित्त मंत्री ने सदन से वित्त वर्ष 2026-27 के बजट से खर्च करने की अनुमति मांगी, जिसे सदन ने विनियोग पर सहमति देकर मंजूर कर दिया।

विनियोग पर सरकार का पक्ष रखते हुए मंत्री ने विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि राज्य सरकार का खजाना खाली होने का दावा आधारहीन है।

उन्होंने कहा कि राजकोषीय घाटा नियंत्रण में है और यह तीन प्रतिशत की सीमा के भीतर है।

विपक्ष द्वारा इसे 18 प्रतिशत बताए जाने पर उन्होंने हैरानी जताई।

यादव ने कहा कि बिहार का बजट 2005 के 23,885 करोड़ रुपये से बढ़कर 2026-27 में 3.47 लाख करोड़ रुपये से अधिक हो गया है।

उन्होंने कहा कि यह वृद्धि राज्य के विकास, अवसंरचना और सामाजिक क्षेत्रों में निवेश की बढ़ी हुई क्षमता को दर्शाती है।

वित्त मंत्री ने कहा, ‘‘सरकार अगले पांच वर्षों में एक करोड़ लोगों को नौकरी और रोजगार उपलब्ध कराएगी। ‘सात निश्चय-3’ के प्रमुख संकल्पों में दोगुना रोजगार सृजन और प्रति व्यक्ति आय दोगुनी करना शामिल है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘2020 से 2025 के बीच 50 लाख से अधिक युवाओं को नौकरी और रोजगार मिल चुके हैं। अगले पांच वर्षों में इस संख्या को दोगुना करते हुए एक करोड़ रोजगार सृजन का लक्ष्य रखा गया है।’’

औद्योगिक विकास पर जोर देते हुए मंत्री ने कहा कि बिहार को पूर्वी भारत का नया प्रौद्योगिकी केंद्र बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है जिसके तहत सभी जिलों में औद्योगिक क्षेत्र स्थापित किए जा रहे हैं और बड़े उद्योगों को आकर्षित करने के लिए मुफ्त जमीन तथा अनुदान की व्यवस्था की गई है।

उन्होंने कहा कि बंद पड़ी चीनी मिलों को चरणबद्ध तरीके से फिर से चालू किया जाएगा।

मंत्री ने कहा कि राज्य में रक्षा कॉरिडोर, सेमीकंडक्टर मैन्युफैक्चरिंग पार्क, मेगा टेक सिटी और फिनटेक सिटी स्थापित किए जाएंगे, जिससे निवेश और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।

भाषा कैलाश खारी

खारी


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