संसद को शांतिपूर्ण और मर्यादित ढंग से चलाने में विश्वास रखती है सरकार : रीजीजू

संसद को शांतिपूर्ण और मर्यादित ढंग से चलाने में विश्वास रखती है सरकार : रीजीजू

संसद को शांतिपूर्ण और मर्यादित ढंग से चलाने में विश्वास रखती है सरकार : रीजीजू
Modified Date: February 7, 2026 / 07:16 pm IST
Published Date: February 7, 2026 7:16 pm IST

पटना, सात फरवरी (भाषा) केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रीजीजू ने शनिवार को कहा कि सरकार डरने वाली नहीं है, लेकिन वह टकराव और हंगामे की राजनीति भी नहीं चाहती। उन्होंने कहा कि सरकार संसद को शांतिपूर्ण और मर्यादित ढंग से चलाने में विश्वास रखती है।

रीजीजू ने भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के प्रदेश कार्यालय में पत्रकारों से बातचीत के दौरान यह टिप्पणी की। लोकसभा में प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को नहीं बोलने देने से जुड़े सवाल पर रीजीजू ने कहा कि सरकार चाहती तो मार्शलों के जरिये सदन से सदस्यों को बाहर कराकर प्रस्ताव पारित करवा सकती थी, लेकिन वह सभी का सम्मान करती है।

उन्होंने कहा, “हम टकराव नहीं, बल्कि संवाद और मर्यादा के साथ संसद की कार्यवाही चलाना चाहते हैं।”

केंद्रीय मंत्री ने आरोप लगाया कि हाल ही में दिल्ली में लोकसभा अध्यक्ष के कक्ष में कांग्रेस के 40-50 सांसद पहुंचे थे और वहां अनर्गल बातें कही थीं। रीजीजू ने बताया कि वह स्वयं उस समय वहां मौजूद थे, लेकिन इसके बावजूद सरकार की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं दी गई, क्योंकि सरकार शांति की पक्षधर है।

रीजीजू ने कहा कि कांग्रेस सांसदों की कुछ टिप्पणियों के बाद लोकसभा अध्यक्ष ने एहतियाती कदम उठाया और इसी के तहत प्रधानमंत्री से लोकसभा की बजाय राज्यसभा में बोलने का अनुरोध किया गया।

उन्होंने कहा कि सरकार संसद की गरिमा और परंपराओं को बनाए रखने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और किसी भी स्थिति में हिंसा, हंगामा या जबरदस्ती का रास्ता नहीं अपनाना चाहती।

बिहार के संबंध में उन्होंने कहा कि बिहार में आधारभूत संरचना के क्षेत्र में काफी काम हो चुका है और अब सरकार का ध्यान रोजगार सृजन पर है। उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट 2026-27 विकसित भारत की नींव को और मजबूत करने वाला बजट है।

उन्होंने कहा कि इस बजट में बिहार के लिए कई महत्वपूर्ण प्रावधान किए गए हैं। बजट में युवाओं के रोजगार, ग्रामीण क्षेत्रों में अवसर सृजन और महिलाओं के सशक्तीकरण पर विशेष ध्यान दिया गया है।

इससे पहले, रीजीजू ने पटना हवाई अड्डे पर पत्रकारों से बातचीत में कहा था कि देश की जनता कांग्रेस पर भरोसा नहीं करती, केवल बयानबाजी से राजनीतिक जमीन नहीं बनती।

राहुल गांधी ने एक बयान में प्रधानमंत्री मोदी को सत्ता से बाहर करने की बात कही थी, जिस पर रीजीजू ने यह प्रतिक्रिया दी।

रीजीजू ने कहा कि देश की जनता कांग्रेस पर भरोसा नहीं करती और लंबे समय तक सत्ता में रहने के बावजूद सबसे पुरानी पार्टी ने देश को कमजोर किया।

उन्होंने कहा कि अब जनता दोबारा उस दौर में लौटने के मूड में नहीं है और केवल बयानबाजी कर सुर्खियां बटोरने की कोशिशों से राजनीतिक जमीन नहीं बनती।

केंद्रीय मंत्री ने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में भारत ने विकास, डिजिटल अवसंरचना और वैश्विक मंच पर मजबूत पहचान के मामले में बड़ी छलांग लगाई है।

रीजीजू, बिहार विधानसभा के स्थापना दिवस कार्यक्रम में भाग लेने शनिवार को पटना आए थे।

उन्होंने इस मौके पर बिहार विधानसभा को डिजिटल रूप से सशक्त बनाने की दिशा में शुरू किये जा रहे कार्यक्रम को ऐतिहासिक बताया।

रीजीजू ने कहा कि विधानसभा का स्थापना दिवस केवल औपचारिक कार्यक्रम नहीं बल्कि लोकतांत्रिक संस्थाओं को आधुनिक तकनीक से जोड़ने का महत्वपूर्ण कदम है।

उन्होंने कहा कि विधानसभा के कामकाज में डिजिटल मंच की शुरुआत से राज्य के सभी विधायकों को तकनीक की ताकत सीधे तौर पर मिलेगी और उनकी कार्यक्षमता में वृद्धि होगी।

रीजीजू ने कहा कि तकनीक के माध्यम से विधायी कार्यों में नई गति आएगी, जनता से जुड़े मुद्दों पर निर्णय लेने की प्रक्रिया अधिक प्रभावी होगी और नीति निर्माण में डेटा आधारित सोच को बढ़ावा मिलेगा।

भाषा

कैलाश

रवि कांत


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