International Arms Smuggling Network: ‘हथियारों के सौदागरों’ तक पहुँची दिल्ली की पुलिस.. इस इंटरनेशनल रैकेट से ऑटोमेटिक वेपन्स, पिस्टल समेत करोड़ो के हथियार बरामद
International Arms Smuggling Network Busted: दिल्ली पुलिस ने अंतरराष्ट्रीय हथियार तस्करी रैकेट पकड़ा, 21 हथियार और 200 कारतूस बरामद, 10 आरोपी गिरफ्तार।
International Arms Smuggling Network Busted || Image- ANI News File
- दिल्ली पुलिस ने इंटरनेशनल आर्म्स रैकेट पकड़ा
- 21 अत्याधुनिक हथियार और 200 कारतूस बरामद
- पाकिस्तान-नेपाल रूट से हो रही थी तस्करी
नई दिल्ली: दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए अंतरराष्ट्रीय हथियार तस्करी नेटवर्क का भंडाफोड़ किया है। इस मामले में 10 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है और उनके पास से 21 अत्याधुनिक हथियार तथा 200 जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। (International Arms Smuggling Network Busted) बरामद हथियारों में चेक गणराज्य में बना सबमशीन गन और Beretta, Walther, Taurus और CZ जैसी अंतरराष्ट्रीय कंपनियों की सेमी-ऑटोमैटिक पिस्टल शामिल हैं। इसके अलावा एक PX-5.7 पिस्टल भी बरामद हुई है, जिसे आमतौर पर विशेष बलों द्वारा इस्तेमाल किया जाता है, जिससे इस नेटवर्क की पहुंच को लेकर गंभीर सवाल खड़े हुए हैं।
The Crime Branch has successfully busted a major international arms trafficking module linked to Pakistan, Nepal, and Bangladesh, which was being operated from the Walled City in Delhi. In this operation, 10 key operatives of the interstate arms trafficking module were arrested.… https://t.co/al6UcBzHs6 pic.twitter.com/Fm7IER8sKe
— ANI (@ANI) March 25, 2026
जानें कैसे होती थी आर्म्स की सप्लाई
यह कार्रवाई डीसीपी संजय यादव के नेतृत्व में की गई। जांच में सामने आया है कि यह तस्करी नेटवर्क पाकिस्तान, नेपाल और बांग्लादेश तक फैला हुआ था। पुलिस के अनुसार हथियार पाकिस्तान से लाए जाते थे और भारत-नेपाल सीमा के रास्ते दिल्ली के वॉल्ड सिटी इलाके तक पहुंचाए जाते थे, जहां से इन्हें आगे सप्लाई किया जाता था।
दिल्ली का वॉल्ड सिटी इलाका इस नेटवर्क का मुख्य वितरण केंद्र था, जहां से दिल्ली-एनसीआर और अन्य राज्यों में सक्रिय आपराधिक गिरोहों को हथियार उपलब्ध कराए जाते थे। (International Arms Smuggling Network Busted) अधिकारियों का कहना है कि इस कार्रवाई से उत्तर भारत में संगठित अपराध को बड़ा झटका लगा है।
जारी है गहराई से जांच
पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर इस नेटवर्क के मास्टरमाइंड और इसके वित्तीय संबंधों का पता लगाने में जुटी है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि इन हथियारों का इस्तेमाल किन लोगों या गिरोहों द्वारा किया जाना था और क्या इस नेटवर्क से जुड़े स्लीपर सेल भी सक्रिय हैं।
यह भी पढ़ें:-
ईरान परमाणु हथियार न रखने पर सहमत हुआ, अमेरिका को बड़ा तोहफा भेजा: ट्रंप
वार्ता में प्रगति के ट्रंप के दावों के बीच ईरान ने इजराइल पर एक दर्जन मिसाइलें दागीं
देशभक्ति सिर्फ नारों से नहीं बल्कि कर्तव्य निभाने से व्यक्त होती है: योगी आदित्यनाथ
पाकिस्तान को खुफिया जानकारी भेजने वाले गिरोह के दो और सदस्य गिरफ्तार
महाराष्ट्र विधानसभा परिषद : उद्धव और शिंदे ने एक दूसरे पर साधा निशाना
अलगाववादी आसिया अंद्राबी को भारत के खिलाफ युद्ध छेड़ने की साजिश रचने के मामले में आजीवन कारावास

Facebook


