इतिहास में आज: गोरखा रेजिमेंट का गठन, 24 अप्रैल के नाम दर्ज है कई और घटनाएं

इतिहास में आज: गोरखा रेजिमेंट का गठन, 24 अप्रैल के नाम दर्ज है कई और घटनाएं

इतिहास में आज: गोरखा रेजिमेंट का गठन, 24 अप्रैल के नाम दर्ज है कई और घटनाएं
Modified Date: November 29, 2022 / 09:53 am IST
Published Date: April 24, 2021 8:36 am IST

नई दिल्ली। अपनी बहादुरी के लिए दुनियाभर में प्रसिद्ध गोरखा आज ही के दिन 1815 में ईस्ट इंडिया कंपनी से जुड़े थे। ब्रिटिश सरकार ने आगे चलकर गोरखा योद्धाओं की अलग रेजिमेंट बनाई और आजादी के बाद गोरखा भारतीय सेना का हिस्सा बनें।

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भारत के लिए गोरखा जवानों ने पाकिस्तान और चीन के खिलाफ हुई सभी जंग में शत्रु को अपनी बहादुरी का लोहा मनवाया। गोरखा रेजिमेंट को इन युद्धों में कई परम वीर चक्र और महावीर चक्र मिले। गोरखा सैनिकों ने भारतीय शांति सेना के रूप में भी विभिन्न देशों में अपनी बहादुरी का परिचय दिया। इस रेजिमेंट का आदर्श वाक्य है “कायर हुनु भन्दा मर्नु राम्रो” यानी “कायर होने से मरना बेहतर है”।

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हर साल 1200 से 1300 नए गोरखा सैनिक हमारी सेना में शामिल किए जाते हैं। भारतीय सेना में फिलहाल 7 गोरखा रेजिमेंट है। हालांकि, नेपाल से आने वाले सभी नेपाली बोलने वाले जवानों को गोरखा नहीं माना जाता। साल 1973। आज ही का दिन। मुबंई के मराठी परिवार में एक बच्चे का जन्म हुआ। नाम रखा गया सचिन, क्योंकि बच्चे के पिता को संगीतकार सचिन देव बर्मन बहुत पसंद थे। उस वक्त तक पिताजी भी नहीं जानते थे कि एक कलाकार के नाम पर जिस बच्चे का नाम रखा गया है, वो एक दिन अपनी कला से करिश्मा कर दिखाएगा।

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सचिन बड़े हुए तो इनके पिता ने इनका दाखिला क्रिकेट के ‘द्रोणाचार्य’ कहे जाने वाले रमाकांत आचरेकर के यहां करा दिया जिन्होंने सचिन की क्रिकेट प्रतिभा को अच्छी तरह से निखारा। सचिन को गेंदबाजी का भी शौक था। बल्लेबाज बनने से पहले वे तेज गेंदबाज ही बनना चाहते थे। गेंदबाजी सीखने के लिए एक ट्रेनिंग कैंप में गए जहां उन्हें कोच डेनिस लिली ने कहा कि तुम अपना पूरा ध्यान बल्लेबाजी पर ही लगाओ। बस फिर क्या था। सचिन ने बल्लेबाजी पर ऐसा ध्यान लगाया कि आज पूरी दुनिया उन्हें अपनी कला का भगवान मानती है।

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24 अप्रैल के नाम दर्ज है कई और घटनाएं

2013ः ढाका में बिल्डिंग गिरी जिससे लगभग 1129 लोगों की मौत हो गई और 2500 से ज्यादा लोग घायल हो गए।
2005: पोप बेनेडिक्ट XVI ने रोमन कैथोलिक चर्च के नए लीडर का कार्यभार औपचारिक तौर पर संभाला। उन्होंने पोप जॉन पॉल II से यह जिम्मेदारी ली।
1998ः भारतीय क्रिकेट टीम ने शारजाह में ऑस्ट्रेलिया को छह विकेट से हराकर कोका कोला कप जीता।
1990ः हबल स्पेस टेलीस्कोप को पृथ्वी की कक्षा में लॉन्च किया गया। पृथ्वी के वायुमंडल की अशुद्धियों से दूर 2.4 मीटर एपर्चर वाला यह टेलीस्कोप अब तक ब्रह्मांड के कई अनदेखे रहस्यों को सामने ला चुका है।
1957ः स्वेज नहर को स्वेज संकट के बाद खोला गया। इजिप्ट के फ्रांस, यूके और इजरायल के साथ हुए विवाद के बाद इसे अक्टूबर 1956 में बंद कर दिया गया था। इजिप्ट ने इस नहर को नेशनलाइज्ड किया और यह बंद हो गई थी। हाल ही में एक बड़ा जहाज फंस जाने की वजह से भी स्वेज नहर बंद हुई थी।


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