न्यूजीलैंड के साथ एफटीए भारत के कपड़ा और परिधान निर्यात के लिए सकारात्मक: उद्योग

न्यूजीलैंड के साथ एफटीए भारत के कपड़ा और परिधान निर्यात के लिए सकारात्मक: उद्योग

न्यूजीलैंड के साथ एफटीए भारत के कपड़ा और परिधान निर्यात के लिए सकारात्मक: उद्योग
Modified Date: April 27, 2026 / 06:22 pm IST
Published Date: April 27, 2026 6:22 pm IST

नयी दिल्ली, 27 अप्रैल (भाषा) भारत-न्यूजीलैंड मुक्त व्यापार समझौते (एफटीए) पर हस्ताक्षर का स्वागत करते हुए उद्योग और निर्यात निकायों ने सोमवार को कहा कि इससे निर्यात बढ़ाने, रोजगार सृजन और कपड़ा तथा परिधान मूल्य श्रृंखला को समर्थन मिलेगा।

भारत और न्यूजीलैंड ने सोमवार को द्विपक्षीय व्यापार और निवेश को बढ़ावा देने के लिए एक मुक्त व्यापार समझौते पर हस्ताक्षर किए। यह समझौता दोनों पक्षों द्वारा सहमत तिथि से लागू होगा। दोनों देशों के बीच 2024 में वस्तुओं और सेवाओं का कुल द्विपक्षीय व्यापार 2.4 अरब डॉलर तक पहुंच गया था।

भारत-न्यूजीलैंड एफटीए भारतीय कपड़ों को शुल्क मुक्त पहुंच देगा।

परिधान निर्यात संवर्धन परिषद (एईपीसी) के चेयरमैन ए शक्तिवेल ने कहा, ”यह भविष्योन्मुखी समझौता भारत के परिधान निर्यातकों के लिए एक बड़ा प्रोत्साहन है। न्यूजीलैंड के बाजार में 100 प्रतिशत शुल्क मुक्त पहुंच के साथ, भारतीय उत्पादों को तत्काल मूल्य प्रतिस्पर्धात्मकता मिलेगी। इससे विशेष रूप से गारमेंट्स और कपड़ा जैसे श्रम-प्रधान क्षेत्रों को लाभ होगा।”

उन्होंने कहा कि इससे निर्यात बढ़ाने, रोजगार सृजन और पूरी मूल्य श्रृंखला में एमएसएमई के विकास को समर्थन मिलेगा।

भारतीय कपड़ा उद्योग परिसंघ (सीआईटीआई) ने कहा कि भारत और न्यूजीलैंड के बीच एफटीए चुनिंदा बाजारों पर निर्भरता कम करने, मूल्य श्रृंखला को बेहतर बनाने और 2030 तक भारत के कपड़ा तथा परिधान उद्योग को 350 अरब डॉलर तक पहुंचाने में मदद करेगा।

सीआईटीआई के चेयरमैन अश्विन चंद्रन ने कहा, ”पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव के बीच भारत और न्यूजीलैंड के बीच एफटीए पर हस्ताक्षर भारत के कपड़ा और परिधान निर्यातकों के लिए एक बड़ी राहत की तरह है।”

भाषा पाण्डेय रमण

रमण


लेखक के बारे में