सरकार ने सोने की अनिवार्य हॉलमार्किंग का सात और जिलों में विस्तार किया

सरकार ने सोने की अनिवार्य हॉलमार्किंग का सात और जिलों में विस्तार किया

सरकार ने सोने की अनिवार्य हॉलमार्किंग का सात और जिलों में विस्तार किया
Modified Date: March 12, 2026 / 08:12 pm IST
Published Date: March 12, 2026 8:12 pm IST

नयी दिल्ली, 12 मार्च (भाषा) सरकार ने बृहस्पतिवार को कहा कि छठे चरण के तहत सोने के आभूषणों और कलाकृतियों की ज़रूरी हॉलमार्किंग का सात और ज़िलों में विस्तार किया गया है, जिससे यह पूरे भारत के 380 ज़िलों में लागू हो जाएगी।

एक सरकारी बयान में कहा गया है कि ये सात ज़िले – रूपनगर (पंजाब), बांदा (उत्तर प्रदेश), बीड (महाराष्ट्र), गोमती (त्रिपुरा), कटिहार (बिहार), ब्यावर (राजस्थान) और नीमच (मध्य प्रदेश) हैं।

भारत में 14, 18, 20, 22, 23 और 24 कैरेट सोने के आभूषणों और कलाकृतियों के लिए ज़रूरी स्वर्ण हॉलमार्किंग 23 जून, 2021 को भारतीय मानक ब्यूरो (बीआईएस) ने 256 ज़िलों से शुरू की थी।

इसे कई चरणों में लागू किया गया था। चरण दो (अप्रैल, 2022) में 32 ज़िले जोड़े गए, चरण तीन (सितंबर, 2023) में 55 और ज़िले शामिल किए गए। चरण चार (नवंबर, 2024) में 18 ज़िले जोड़े गए, और पांच (जुलाई 2025) में 12 ज़िले शामिल किए गए, जिससे कुल 373 ज़िले शामिल हो गए।

बयान में कहा गया है कि इस साल पांच मार्च तक, उपभोक्ता संरक्षण के लिए 60 करोड़ सोने की चीज़ों को हॉलमार्क किया गया था।

स्वर्ण हॉलमार्किंग बीएसई द्वारा स्वीकृत परीक्षण के ज़रिये सोने की शुद्धता का एक गुणवत्ता प्रमाणीकरण है, जो मिलावटी उत्पादों से होने वाली धोखाधड़ी को रोकता है।

भाषा राजेश राजेश अजय

अजय


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