इलेक्ट्रिक वाहन बैटरी के पुनर्चक्रण के लिए भारत-ईयू की संयुक्त पहल

इलेक्ट्रिक वाहन बैटरी के पुनर्चक्रण के लिए भारत-ईयू की संयुक्त पहल

इलेक्ट्रिक वाहन बैटरी के पुनर्चक्रण के लिए भारत-ईयू की संयुक्त पहल
Modified Date: May 6, 2026 / 10:00 pm IST
Published Date: May 6, 2026 10:00 pm IST

नयी दिल्ली, छह मई (भाषा) भारत और यूरोपीय संघ ने बुधवार को इलेक्ट्रिक वाहन की बैटरियों के पुनर्चक्रण (रिसाइक्लिंग) को प्रस्तावों के लिए तीसरी समन्वित घोषणा की। यह घोषणा भारत-यूरोपीय संघ व्यापार और प्रौद्योगिकी परिषद के कार्य समूह-दो के अंतर्गत की गई है, जो हरित और स्वच्छ ऊर्जा प्रौद्योगिकियों पर केंद्रित है।

इस घोषणा का उद्देश्य महत्वपूर्ण कच्चे माल की उपलब्धता सुनिश्चित करना, संसाधनों के अनुकूलतम इस्तेमाल की अर्थव्यवस्था की ओर वैश्विक बदलाव को गति देना और भारत तथा यूरोपीय संघ (ईयू) के बीच द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत करना है।

एक अधिकारी ने बताया, ‘‘1.52 करोड़ यूरो (लगभग 169 करोड़ रुपये) के संयुक्त कोष के साथ, इस पहल को यूरोपीय संघ के होराइजन यूरोप कार्यक्रम के माध्यम से वित्तपोषित किया जाएगा, जबकि भारी उद्योग मंत्रालय (एमएचआई) भारतीय हिस्से के लिए समर्थन देगा।’’

यह कार्यक्रम उन्नत पुनर्चक्रण प्रौद्योगिकियों के विकास पर केंद्रित है। इसमें उच्च दक्षता वाली सामग्री को फिर से प्राप्त करना, सुरक्षित और डिजिटल संग्रह प्रणाली तथा नवीन प्रक्रियाओं का पायलट आधार पर प्रदर्शन शामिल है।

भारत सरकार के प्रधान वैज्ञानिक सलाहकार अजय कुमार सूद ने बयान में कहा, ‘‘यह शुरुआत भारत-यूरोपीय संघ की रणनीतिक साझेदारी में एक महत्वपूर्ण मोड़ है। भारत के इलेक्ट्रिक वाहन बाजार के तेजी से विस्तार के साथ, एक मजबूत घरेलू पुनर्चक्रण प्रणाली का निर्माण हमारी संसाधन सुरक्षा और पर्यावरणीय प्रतिबद्धताओं के लिए आवश्यक है।’’

प्रस्ताव जमा करने की अंतिम तिथि 15 सितंबर है।

भाषा अजय अजय रमण

रमण


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