टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स, एएसएमएल ने भारत में सेमीकंडक्टर विनिर्माण के लिए किया समझौता

टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स, एएसएमएल ने भारत में सेमीकंडक्टर विनिर्माण के लिए किया समझौता

टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स, एएसएमएल ने भारत में सेमीकंडक्टर विनिर्माण के लिए किया समझौता
Modified Date: May 16, 2026 / 08:23 pm IST
Published Date: May 16, 2026 8:23 pm IST

नयी दिल्ली, 16 मई (भाषा) इलेक्ट्रॉनिक्स विनिर्माण कंपनी टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स और नीदरलैंड की सेमीकंडक्टर उपकरण विनिर्माता कंपनी एएसएमएल ने भारत में चिप विनिर्माण के लिए साझेदारी की है। शनिवार को जारी एक संयुक्त बयान में यह जानकारी दी गई।

यह समझौता प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की नीदरलैंड यात्रा के दौरान घोषित किया गया।

एएसएमएल अत्याधुनिक छोटे सेमीकंडक्टर चिप के उत्पादन में इस्तेमाल होने वाली लिथोग्राफी मशीनों की प्रमुख विनिर्माता कंपनी है।

बयान के अनुसार, ‘इस साझेदारी के माध्यम से एएसएमएल, गुजरात के धोलेरा में टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स के आगामी 300 मिलीमीटर (12 इंच) सेमीकंडक्टर ‘फैब’ (चिप विनिर्माण संयंत्र) की स्थापना और उसके सफल संचालन में सहयोग करेगी। सेमीकंडक्टर जैसी महत्वपूर्ण प्रौद्योगिकियों के क्षेत्र में भारत और नीदरलैंड के बीच बढ़ते रणनीतिक सहयोग के लिहाज से यह साझेदारी एक बड़ा कदम है।’

टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स 91,000 करोड़ रुपये के निवेश से भारत का पहला सेमीकंडक्टर वेफर विनिर्माण संयंत्र स्थापित कर रही है।

बयान में कहा गया कि इस सहयोग के तहत धोलेरा फैब में एएसएमएल की उन्नत लिथोग्राफी मशीनों और तकनीकों का इस्तेमाल किया जाएगा, जिससे भारत की पहली व्यावसायिक 300 मिमी सेमीकंडक्टर फैब का संचालन सुचारू रूप से हो सकेगा।

यह साझेदारी स्थानीय प्रतिभा के प्रशिक्षण, लिथोग्राफी से जुड़े कौशल विकास और आपूर्ति श्रृंखला को मजबूत करने पर भी केंद्रित होगी।

चिप विनिर्माण में लिथोग्राफी की महत्वपूर्ण भूमिका को देखते हुए, दोनों कंपनियां अनुसंधान एवं विकास ढांचे को विकसित करेंगी, जो इस फैब के दीर्घकालिक सफल संचालन के लिए आवश्यक होगा।

टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) और प्रबंध निदेशक रणधीर ठाकुर ने कहा,’ एएसएमएल की समग्र लिथोग्राफी समाधानों में गहरी विशेषज्ञता धोलेरा स्थित फैब इकाई के समय पर संचालन को सुनिश्चित करेगी, वैश्विक ग्राहकों के लिए एक मजबूत और भरोसेमंद आपूर्ति श्रृंखला तैयार करेगी, नवाचार को बढ़ावा देगी और स्थानीय स्तर पर प्रतिभा विकास में मदद करेगी।’

एएसएमएल के अध्यक्ष और मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) क्रिस्टोफ फुके ने कहा कि भारत का तेजी से बढ़ता सेमीकंडक्टर क्षेत्र कई संभावनाएं प्रस्तुत करता है और कंपनी इस क्षेत्र में दीर्घकालिक साझेदारी स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

उन्होंने कहा कि आज इस समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है और वे टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स तथा उसके व्यापक परिवेश के साथ घनिष्ठ सहयोग की उम्मीद करते हैं।

उन्होंने कहा कि टाटा इलेक्ट्रॉनिक्स सेमीकंडक्टर क्षमताओं के विस्तार की अपनी महत्वाकांक्षाओं को साकार करने के लिए मजबूत स्थिति में है।

भाषा योगेश रमण

रमण


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