वेणुगोपाल धूत ने अपीलीय न्यायाधिकरण के आदेश के खिलाफ उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर की
वेणुगोपाल धूत ने अपीलीय न्यायाधिकरण के आदेश के खिलाफ उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर की
नयी दिल्ली, 21 मई (भाषा) वीडियोकॉन के संस्थापक वेणुगोपाल धूत ने राष्ट्रीय कंपनी विधि अपीलीय न्यायाधिकरण (एनसीएलएटी) के आदेश के खिलाफ उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर की है।
अपीलीय न्यायाधिकरण के आदेश में समूह की दो इकाइयों… वीडियोकॉन इंडस्ट्रीज लि. और वीडियोकॉन ऑयल वेंचर्स लि. के लिए अलग-अलग दिवाला कार्यवाही को बरकरार रखा गया था। एनसीएलएटी ने एनसीएलटी के पूर्व आदेश को रद्द कर दिया गया जिसमें दोनों मामलों को एक साथ जोड़ने का निर्देश दिया गया था।
धूत ने अपीलीय न्यायाधिकरण के 14 मई के आदेश के खिलाफ 19 मई को याचिका दायर की।
अपीलीय न्यायाधिकरण ने 14 मई को कहा कि वीडियोकॉन इंडस्ट्रीज लि. (वीआईएल) और वीडियोकॉन ऑयल वेंचर्स लि. (वीओवीएल) के कर्जदाताओं ने दोनों कंपनियों की अलग-अलग वाणिज्यिक प्रकृति और एक विशेष समाधान की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए, उनकी कॉरपोरेट ऋण शोधन समाधान प्रक्रियाओं (सीआईआरपी) को स्वतंत्र रूप से चलाने की बात कही थी।
इस मामले में, सार्वजनिक क्षेत्र की भारत पेट्रोलियम की अनुषंगी कंपनी बीपीआरएल ने अपने पहले इनकार के अधिकार (आरओएफआर) का उपयोग करते हुए वीओवीएल का अधिग्रहण किया, जिसे बाद में राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) ने जून, 2024 के एक आदेश के माध्यम से मंजूरी दे दी, जबकि वीडियोकॉन इंडस्ट्रीज लि. का सीआईआरपी अभी भी लंबित है।
अपीलीय न्यायाधिकरण ने अपने आदेश में कहा कि वीआईएल और वीओवीएल बिल्कुल अलग-अलग क्षेत्रों में काम करते हैं। वीआईएल उपभोक्ता इलेक्ट्रॉनिक्स क्षेत्र में जबकि वीओवीएल तेल से संबंधित व्यवसायों में कार्यरत हैं। ऐसे में एक ही इकाई के लिए दोनों को प्रभावी ढंग से पटरी पर लाने के लिए आवश्यक विशेषज्ञता रखना अव्यावहारिक हो जाता है।
अपीलीय न्यायाधिकरण ने कहा कि यह निर्णय कर्जदाताओं की समिति (सीओसी) के व्यावसायिक विवेक के आधार पर लिया गया था, जिसमें न्यायाधिकरण (एनसीएलटी) को हस्तक्षेप नहीं करना चाहिए।
इससे पहले, वेणुगोपाल धूत की 12 फरवरी, 2020 को दायर याचिका को स्वीकार करते हुए, एनसीएलटी ने समाधान पेशेवर को निर्देश दिया था कि वे ऋण शोधन के लिए वीडियोकॉन ऑयल वेंचर, वीडियोकॉन हाइड्रोकार्बन होल्डिंग्स, वीडियोकॉन एनर्जी ब्राजील और वीडियोकॉन इंडोनेशिया नुनकैन इंक की सभी संपत्तियों, संपत्ति अधिकारों, दावों और लाभों को वीआईएल की संपत्ति के रूप में विचार करें।
धूत ने अनुरोध किया था कि सभी विदेशी तेल और गैस संपत्तियों को वीडियोकॉन इंडस्ट्रीज की संपत्ति माना जाए।
एनसीएलटी के इस आदेश को याचिकाकर्ताओं ने अपीलीय न्यायाधिकरण में चुनौती दी थी। याचिककर्ताओं में सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक एसबीआई, बीपीआरएल वेंचर्स इंडोनेशिया, पर्टामिना हुलु एनर्जी नुनकैन कंपनी समेत अन्य शामिल थे।
यह मामला 2012 का है, जब वीओवीएल और वीआईएल ने भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के नेतृत्व वाले कर्जदाताओं के एक समूह से देनदार/सह-देनदार आधार पर कर्ज प्राप्त किया था।
भाषा रमण अजय
अजय

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