अरुणाचल विधानसभा ने शिक्षकों के तबादलों को नियमित करने को लेकर विधेयक पारित किया

अरुणाचल विधानसभा ने शिक्षकों के तबादलों को नियमित करने को लेकर विधेयक पारित किया

अरुणाचल विधानसभा ने शिक्षकों के तबादलों को नियमित करने को लेकर विधेयक पारित किया
Modified Date: March 11, 2026 / 07:20 pm IST
Published Date: March 11, 2026 7:20 pm IST

ईटानगर, 11 मार्च (भाषा) अरुणाचल प्रदेश विधानसभा ने राज्य शिक्षा विभाग के शिक्षकों और अन्य कर्मचारियों के स्थानांतरण और पदस्थापना को नियमित और तर्कसंगत बनाने के उद्देश्य से बुधवार को एक सरकारी विधेयक पारित किया।

विधानसभा ने ‘‘अरुणाचल प्रदेश शिक्षा विभाग के कर्मचारियों के स्थानांतरण और पदस्थापना (नियमन और प्रबंधन) विधेयक’’ को ध्वनिमत से पारित कर दिया। यह विधेयक शिक्षा मंत्री पासांग दोर्जी सोना ने छह मार्च को पेश किया था।

चर्चा के दौरान सदस्यों के सुझावों का उत्तर देते हुए सोना ने कहा कि यह कानून राज्य में शिक्षकों का समान वितरण सुनिश्चित करने और शिक्षा क्षेत्र में लंबे समय से चली आ रही समस्याओं को सुलझाने का लक्ष्य रखता है।

उन्होंने कहा कि जब यह विधेयक कानून बन जाएगा, तो यह शिक्षकों द्वारा स्थानांतरण आदेशों पर रोक लगवाने के लिए अदालतों का रुख करने से उत्पन्न होने वाली कानूनी जटिलताओं को भी कम करने में मदद करेगा। शिक्षक अक्सर विभिन्न कारणों का हवाला देकर स्थानांतरण आदेशों को चुनौती देते हैं।

ग्रामीण कार्य विभाग भी संभाल रहे सोना ने सदन को अगवत कराया कि राज्य में नैनो टेक्नोलॉजी का उपयोग करके निर्मित 42 प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (पीएमजीएसवाई) की सड़कों में से 37 सड़कें कठिन भू-भाग और जलवायु परिस्थितियों के कारण असफल हो गई हैं।

भाजपा विधायक लैसाम सिमाई द्वारा विधानसभा में शुरू की गई संक्षिप्त चर्चा के उत्तर में मंत्री ने कहा कि ये सड़कें पीएमजीएसवाई के तहत नयी तकनीक के पायलट प्रोजेक्ट के रूप में बनाई गई थीं, जिनमें से केवल पांच परियोजनाएं ही सफल पाईं गईं।

एक अन्य मामले में अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने विधानसभा को अवगत कराया कि चांगलांग जिले में अंतरराज्यीय सीमा पर ‘यथास्थिति में बदलाव’ के मामले को पड़ोसी असम सरकार के साथ वहां होने वाले विधानसभा चुनावों के बाद उठाया जाएगा।

भाजपा विधायक लैसाम सिमाई के एक प्रश्न के उत्तर में खांडू ने कहा कि वह चांगलांग के उपायुक्त और पुलिस अधीक्षक को असम के डिब्रूगढ़ जिले में अपने समकक्षों के साथ समन्वय करने का निर्देश भी देंगे, ताकि विवादित क्षेत्रों में किसी भी कानून-व्यवस्था की समस्या को बढ़ने से रोका जा सके।

खांडू ने एक अन्य मामले में सदन को आश्वस्त किया कि राज्य के लोंगडिंग जिले को पड़ोसी नगालैंड के नोक्रान से जोड़ने वाली महत्वपूर्ण एनईसी सड़क का मरम्मत कार्य ‘‘सेंट्रल रोड एंड इंफ्रास्ट्रक्चर फंड’’ (सीआरआईएफ) के तहत किया जाएगा।

एनपीपी विधायक थांगवांग वांगहम ने संबंधित प्रश्न किया था।

भाषा सुरेश पवनेश

पवनेश


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