आरएसएस के कार्यक्रम में शामिल होने वाले कुलपतियों की आलोचना करने पर भाजपा ने सतीशन पर साधा निशाना

आरएसएस के कार्यक्रम में शामिल होने वाले कुलपतियों की आलोचना करने पर भाजपा ने सतीशन पर साधा निशाना

आरएसएस के कार्यक्रम में शामिल होने वाले कुलपतियों की आलोचना करने पर भाजपा ने सतीशन पर साधा निशाना
Modified Date: June 14, 2026 / 10:34 pm IST
Published Date: June 14, 2026 10:34 pm IST

तिरुवनंतपुरम, 14 जून (भाषा) भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की केरल इकाई के अध्यक्ष राजीव चंद्रशेखर ने रविवार को राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) के एक कार्यक्रम में शामिल हुए केरल के तीन कुलपतियों की आलोचना करने को लेकर मुख्यमंत्री वी डी सतीशन की निंदा की और कांग्रेस नीत यूडीएफ पर ‘‘तुष्टीकरण की राजनीति’’ करने का आरोप लगाया।

चंद्रशेखर ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा कि मुख्यमंत्री को धर्मनिरपेक्षता या संवैधानिक मूल्यों पर दूसरों को उपदेश देने का कोई नैतिक अधिकार नहीं है।

उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘जिस व्यक्ति ने कट्टरपंथी इस्लाम और जमात-ए-इस्लामी जैसे संगठनों को सामान्य बना दिया हो और जो केवल मुस्लिम लीग तथा जमात-ए-इस्लामी के समर्थन से सत्ता में हो, उसे धर्मनिरपेक्षता या संविधान के सम्मान की बात नहीं करनी चाहिए।’’

चंद्रशेखर ने कहा कि संविधान की रक्षा की शपथ लेने वाले किसी मुख्यमंत्री द्वारा आरएसएस प्रमुख के संबोधन वाले सार्वजनिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए कुलपतियों की आलोचना किया जाना स्वीकार्य नहीं है।

उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘यह स्वीकार्य नहीं है कि कानून और संविधान की रक्षा की शपथ लेने वाला मुख्यमंत्री अब आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत के साथ एक सार्वजनिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए कुलपतियों को डराने-धमकाने का काम करे।’’

भाजपा नेता ने आरोप लगाया कि यूडीएफ सरकार ऐसे संगठनों के समर्थन पर निर्भर है, जो धर्म की राजनीति का समर्थन करते हैं।

उन्होंने कांग्रेस और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) दोनों पर भाजपा और आरएसएस का इस्तेमाल राजनीतिक ध्रुवीकरण तथा वोट बैंक की राजनीति के लिए करने का भी आरोप लगाया।

उन्होंने आरोप लगाया, ‘‘भाजपा और आरएसएस का भय दिखाकर वोट जुटाने का दौर अब समाप्त हो चुका है। केरल की जनता अब समझ चुकी है कि तुष्टीकरण की राजनीति के मामले में कांग्रेस और माकपा दो नहीं, बल्कि एक हैं।’’

चंद्रशेखर की यह टिप्पणी मुख्यमंत्री के फेसबुक पोस्ट के जवाब में आई है, जिसमें सतीशन ने आरएसएस के शताब्दी समारोह में तीन कुलपतियों की भागीदारी को गंभीर चूक बताया था।

भाषा

राखी सुरेश

सुरेश


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