धनशोधन मामले में सरकारी गवाह बनने की जैकलीन की याचिका का ईडी ने विरोध किया

धनशोधन मामले में सरकारी गवाह बनने की जैकलीन की याचिका का ईडी ने विरोध किया

धनशोधन मामले में सरकारी गवाह बनने की जैकलीन की याचिका का ईडी ने विरोध किया
Modified Date: May 11, 2026 / 08:04 pm IST
Published Date: May 11, 2026 8:04 pm IST

नयी दिल्ली, 11 मई (भाषा) प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने कथित ठग सुकेश चंद्रशेखर से जुड़े 200 करोड़ रुपये के धनशोधन मामले में सरकारी गवाह (अप्रूवर) बनने की अनुमति मांगने वाली अभिनेत्री जैकलीन फर्नांडीज की एक याचिका का विरोध किया है। अपने जवाब में एजेंसी ने कहा कि जैकलीन फर्नांडीज आरोपी सुकेश चंद्रशेखर के आपराधिक इतिहास की जानकारी होने के बावजूद उसके संपर्क में बनी रहीं।

इससे पहले, विशेष न्यायाधीश प्रशांत शर्मा ने ईडी से इस याचिका पर जवाब मांगा था।

ईडी ने सोमवार को अदालत से कहा, ‘‘आवेदक (जैकलीन) आरोपी नंबर एक सुकेश चंद्रशेखर के आपराधिक पृष्ठभूमि की जानकारी होने के बावजूद उससे नियमित संपर्क में रहीं। सुकेश ने धन शोधन से जुड़े अपराध से अर्जित आय से लाभ, उपहार और अन्य वस्तुएं आवेदक को दीं।’’

एजेंसी ने कहा कि लगातार संपर्क में रहना और लाभ प्राप्त करना अभिनेत्री के इस दावे को खारिज करता है कि वह ‘अनजाने में शिकार’ हुई थीं, बल्कि यह उनकी सक्रिय भागीदारी को दर्शाता है।

ईडी के अनुसार, अभिनेत्री ने अपराध की आय का इस्तेमाल स्वयं और अपने परिवार के लिए किया और धन के स्रोत की अनदेखी की।

एजेंसी ने कहा कि उनका दावा कि वह पीड़िता हैं, रिकॉर्ड के साक्ष्यों के विपरीत और स्वार्थपूर्ण है।

ईडी ने यह भी कहा कि जांच के दौरान अभिनेत्री का व्यवहार सहयोगात्मक नहीं रहा और उन्होंने धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए) की धारा 50 के तहत दर्ज बयानों में पूरी और सही जानकारी नहीं दी।

एजेंसी ने बताया कि उनके बयान बार-बार विरोधाभासी और अधूरे पाए गए।

ईडी ने कहा कि जैकलीन ने पटकथा लेखक अद्वैत काला के साथ नकद लेन-देन, महंगे उपहारों की प्राप्ति, विदेश में स्थित भाई-बहन के खातों में धन अंतरण, बहरीन में माता-पिता के लिए खरीदी गई कारों और पिंकी ईरानी जैसे लोगों से संबंधों की जानकारी छिपाई।

एजेंसी ने कहा कि इस तरह की महत्वपूर्ण जानकारी छिपाना और असहयोग करना कानून के तहत गवाह बनने की योजना की मूल भावना के खिलाफ है, जिसमें पूर्ण और सही जानकारी देना अनिवार्य है।

ईडी ने कहा कि जैकलीन केवल मामूली नहीं बल्कि अपराध से अर्जित आय की महत्वपूर्ण लाभार्थी और धनशोधन में सक्रिय सहभागी हैं, इसलिए उन्हें सरकारी गवाह बनाना न्याय प्रक्रिया के साथ खिलवाड़ होगा।

एजेंसी ने कहा, ‘‘यह याचिका कानून की प्रक्रिया का दुरुपयोग है, जिसका उद्देश्य मुकदमे से बचना है।’’

अदालत ने अभिनेत्री के वकील को जवाब दाखिल करने के लिए समय देते हुए मामले की अगली सुनवाई की तारीख 12 मई तय की है।

जैकलीन को जांच के सिलसिले में कई बार ईडी द्वारा समन भेजा गया था और उन्हें पहली बार एजेंसी द्वारा दाखिल पूरक आरोपपत्र में आरोपी बनाया गया था।

दिल्ली उच्च न्यायालय ने तीन जुलाई 2025 को धनशोधन मामले में प्रवर्तन मामला सूचना रिपोर्ट (ईसीआईआर) रद्द करने की उनकी याचिका खारिज कर दी थी, और दो महीने बाद उच्चतम न्यायालय ने भी हस्तक्षेप से इनकार कर दिया था।

दिल्ली पुलिस ने सुकेश चंद्रशेखर पर रैनबैक्सी के पूर्व प्रमोटरों शिविंदर सिंह और मलविंदर सिंह की पत्नियों से 200 करोड़ रुपये की ठगी का आरोप लगाया था। देश के विभिन्न हिस्सों में सुकेश के खिलाफ कई अन्य मामले भी लंबित हैं।

भाषा रवि कांत रवि कांत संतोष

संतोष


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