जब अपने देश में लोग मर रहे हैं, तब टीके निर्यात करना केंद्र का जघन्य अपराध: सिसोदिया

जब अपने देश में लोग मर रहे हैं, तब टीके निर्यात करना केंद्र का जघन्य अपराध: सिसोदिया

जब अपने देश में लोग मर रहे हैं, तब टीके निर्यात करना केंद्र का जघन्य अपराध: सिसोदिया
Modified Date: November 29, 2022 / 08:37 pm IST
Published Date: May 9, 2021 11:56 am IST

नयी दिल्ली, नौ मई (भाषा) दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने टीके निर्यात करने को लेकर रविवार को केंद्र सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि अगर अपने देश में लोगों को पहले टीके लगाए जाते तो बड़ी संख्या में जीवन बचाए जा सकते थे।

सिसोदिया ने ऑनलाइन प्रेसवार्ता में आरोप लगाया, ” जब हमारे अपने देश में लोग मर रहे थे, उस समय केंद्र ने केवल अपनी छवि प्रबंधन के लिए अन्य देशों को टीके की बिक्री की, जोकि केंद्र सरकार द्वारा किया गया जघन्य अपराध है।”

एक अखबार की रिपोर्ट का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि केंद्र ने 93 देशों को कोरोना वायरस टीके की बिक्री की, जिनमें से 60 फीसदी में संक्रमण नियंत्रण में था और वहां वायरस के चलते लोगों को जान का खतरा नहीं था।

उप मुख्यमंत्री ने कहा कि कोरोना वायरस संक्रमण की दूसरी लहर में बड़ी संख्या में युवाओं की जान चली गई।

उन्होंने कहा कि अगर टीके का निर्यात करने के बजाय इन लोगों को टीका लगाया गया होता तो उनकी जान बचाई जा सकती थी।

सिसोदिया ने कहा कि केंद्र को अब यह सुनिश्चित करना चाहिए कि देश में निर्मित टीके इसकी कमी का सामना कर रहे राज्यों को उपलब्ध कराए जाएं।

भाषा

शफीक दिलीप

दिलीप


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