संविधान संशोधन विधेयकों को पारित कराने का अधार गलत: कांग्रेस

संविधान संशोधन विधेयकों को पारित कराने का अधार गलत: कांग्रेस

संविधान संशोधन विधेयकों को पारित कराने का अधार गलत: कांग्रेस
Modified Date: March 30, 2026 / 05:41 pm IST
Published Date: March 30, 2026 5:41 pm IST

नयी दिल्ली, 30 मार्च (भाषा) कांग्रेस ने सोमवार को जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण की एक टिप्पणी का हवाला देते हुए कहा कि सरकार जिस आधार पर कुछ संविधान संशोधन विधेयकों को आनन-फानन में पारित कराने की कोशिश कर रही है, वो गलत है।

भारत के महापंजीयक और जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायणन ने सोमवार को लोगों से जनगणना करने वालों को सही जानकारी देने की अपील करते हुए आश्वस्त किया कि व्यक्तिगत डेटा गोपनीय रहेगा तथा इसे किसी साक्ष्य या किसी योजना का लाभ लेने के लिए इस्तेमाल नहीं किया जा सकता।

उन्होंने यह भी कहा कि कई डेटा सेट 2027 में ही प्रकाशित किए जाएंगे।

कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर पोस्ट किया, ‘‘अगले कुछ दिनों में संविधान संशोधन विधेयकों को इस आधार पर पारित करने की मांग की जा रही है कि जनगणना के परिणाम 2029 के बाद से उपलब्ध नहीं होंगे।’’

उन्होंने कहा, ‘‘महापंजीयक एवं जनगणना आयुक्त द्वारा दी गई यह जानकारी साबित करती है कि ये आधार गलत हैं।’’

रमेश की यह टिप्पणी महिला आरक्षण कानून में संशोधन पर आम सहमति बनाने के सरकार के प्रयासों के बीच आई है। सरकार यह सुनिश्चित करने के लिए विधेयक लाने की योजना बना रही है कि सितंबर, 2023 में पारित नारी शक्ति वंदन विधेयक को लोकसभा और विधानसभा क्षेत्रों के लिए परिसीमन की प्रक्रिया से पहले भी लागू किया जाए।

इस कानून को आधिकारिक तौर पर संविधान (106वां संशोधन) अधिनियम के रूप में जाना जाता है।

भाषा हक हक नरेश

नरेश


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