हरियाणा: एसआईटी ने हिरासत में कथित मारपीट मामले की जांच तेज की

हरियाणा: एसआईटी ने हिरासत में कथित मारपीट मामले की जांच तेज की

हरियाणा: एसआईटी ने हिरासत में कथित मारपीट मामले की जांच तेज की
Modified Date: June 22, 2026 / 07:14 pm IST
Published Date: June 22, 2026 7:14 pm IST

कुरुक्षेत्र, 22 जून (भाषा) हरियाणा के कुरुक्षेत्र जिला स्थित लाडवा पुलिस थाने में कैंसर के 30 वर्षीय एक मरीज के साथ हिरासत में मारपीट और यौन दुर्व्यवहार के आरोपों की जांच विशेष जांच दल (एसआईटी) ने तेज कर दी है। अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

अस्थि कैंसर का उपचार करा रहे व्यक्ति ने अपनी शिकायत में आरोप लगाया है कि पुलिस कर्मियों ने 17 जून की रात इंद्री रोड पर एक जांच चौकी पर उसे उस समय रोका, जब वह मोटरसाइकिल से घर लौट रहा था। शिकायत के अनुसार, अपने चेहरे को कपड़े से ढकने को लेकर पीड़ित की पुलिसकर्मियों से बहस हुई थी।

शिकायतकर्ता एक बैंक में काम करता है। शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि आरोपी पुलिसकर्मियों ने उसे थप्पड़ मारे, उसका मोबाइल फोन छीन लिया और उसे जबरन लाडवा पुलिस थाने ले गए, जहां उसकी पिटाई की गई, जबकि उसने अपनी गंभीर बीमारी के बारे में जानकारी दी थी। उसने यह भी आरोप लगाया कि उसकी बीमारी का मजाक उड़ाया गया और बाद में उसके साथ कुकर्म किया गया।

मामले में सहायक उपनिरीक्षक (एएसआई) संजीव कुमार, एएसआई राजेंद्र कुमार और होमगार्ड सुमित के खिलाफ मारपीट और दुर्व्यवहार सहित विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। मामले की जांच के लिए एक एसआईटी का गठन किया गया है, जिसमें यौन उत्पीड़न से जुड़े आरोप भी शामिल हैं।

तीन सदस्यीय एसआईटी के प्रमुख एवं पुलिस उपाधीक्षक निर्मल सिंह ने बताया कि निलंबित दो सहायक उप-निरीक्षकों (एएसआई) संजीव कुमार और राजेंद्र कुमार तथा होमगार्ड सुमित के बयान दर्ज कर लिए गए हैं।

उन्होंने कहा कि आरोपी पुलिसकर्मियों की हाल ही में लोक नायक जय प्रकाश अस्पताल में मेडिकल जांच कराई गई है, जबकि पीड़ित की मेडिकल और फॉरेंसिक रिपोर्ट चंडीगढ़ से मिलने का इंतजार है।

सिंह ने कहा कि जांच निष्पक्ष तरीके से की जा रही है और सभी साक्ष्यों, गवाहों के बयानों और मेडिकल रिकॉर्ड की पड़ताल की जा रही है।

शिकायत के अनुसार, घटना के अगले दिन पीड़ित की तबीयत बिगड़ गई और उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। शिकायतकर्ता को सुरक्षा प्रदान की गई है और उपचार तथा संबंधित प्रक्रियाओं के दौरान सहायता के लिए एक होमगार्ड तैनात किया गया है।

सिंह ने कहा कि एसआईटी लंबित मेडिकल और फॉरेंसिक रिपोर्ट मिलने के बाद अपनी रिपोर्ट पुलिस अधीक्षक को सौंपेगी।

इस बीच, अनुसूचित जाति (एससी) समुदाय के सदस्यों ने कुरुक्षेत्र के रविदास धर्मशाला में एक बैठक करके निष्पक्ष जांच की मांग की। समुदाय के नेताओं ने आरोप लगाया कि शिकायतकर्ता और उसका परिवार दबाव में है और जांच की प्रगति को लेकर स्पष्टता की मांग की। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि न्याय में देरी हुई तो वे आंदोलन करेंगे।

भाषा अमित सुभाष

सुभाष


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