ज्योतिराव फुले का जीवन सामाजिक परिवर्तन का अनूठा उदाहरण है: अन्नपूर्णा देवी

ज्योतिराव फुले का जीवन सामाजिक परिवर्तन का अनूठा उदाहरण है: अन्नपूर्णा देवी

ज्योतिराव फुले का जीवन सामाजिक परिवर्तन का अनूठा उदाहरण है: अन्नपूर्णा देवी
Modified Date: April 11, 2026 / 02:55 pm IST
Published Date: April 11, 2026 2:55 pm IST

नयी दिल्ली, 11 अप्रैल (भाषा) केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने शनिवार को समाज सुधारक महात्मा ज्योतिराव फुले की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की तथा उनके जीवन को समर्पण, सामाजिक न्याय और शिक्षा के माध्यम से सामाजिक परिवर्तन लाने वाला एक अनूठा उदाहरण बताया है।

फुले का जन्म 11 अप्रैल, 1827 को महाराष्ट्र में हुआ था और उनका निधन 28 नवंबर, 1890 को हुआ।

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा फुले पर लिखे गए लेख को भी साझा करते हुए कहा, “महात्मा ज्योतिराव फुले का जीवन समर्पण, सामाजिक न्याय और शिक्षा के माध्यम से सामाजिक परिवर्तन का एक अनूठा उदाहरण है।”

उन्होंने कहा, “उनकी 200वीं जयंती के अवसर पर, हम उनके आदर्शों को आत्मसात करते हुए एक समतावादी, शिक्षित और सशक्त भारत के निर्माण के अपने संकल्प को दोहराते हैं। उन्हें सादर श्रद्धांजलि।’

वहीं, प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, ‘महान समाज सुधारक महात्मा फुले के 200वीं जयंती वर्ष के समारोहों का आरंभ हो रहा है। उन्होंने अपना पूरा जीवन शिक्षा, ज्ञान और जन कल्याण को समर्पित कर दिया।’

उन्होंने लिखा, ‘वे महिलाओं और हाशिए पर पड़े लोगों के अधिकारों की वकालत करने में अग्रणी थे।’

प्रधानमंत्री ने लिखा, ‘उनके विचार सामाजिक प्रगति की दिशा में सभी का मार्गदर्शन करते रहें।’

उन्होंने कहा कि फुले के प्रयासों से शिक्षा सशक्तीकरण का एक शक्तिशाली माध्यम बनी।

भाषा

प्रचेता प्रशांत

प्रशांत


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