द्रमुक शासन के अंतर्गत तमिलनाडु में कानून व्यवस्था बिगड़ रही है: मुख्यमंत्री नायडू

द्रमुक शासन के अंतर्गत तमिलनाडु में कानून व्यवस्था बिगड़ रही है: मुख्यमंत्री नायडू

द्रमुक शासन के अंतर्गत तमिलनाडु में कानून व्यवस्था बिगड़ रही है: मुख्यमंत्री नायडू
Modified Date: April 21, 2026 / 04:32 pm IST
Published Date: April 21, 2026 4:32 pm IST

चेन्नई, 21 अप्रैल (भाषा) आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री एन चंद्रबाबू नायडू ने मंगलवार को आरोप लगाया कि द्रमुक शासन में तमिलनाडु में कानून-व्यवस्था की स्थिति बिगड़ रही है।

नायडू ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन को संबोधित करते हुए तमिलनाडु के लोगों से समझदारी से फैसला लेने और आगामी चुनाव में राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन के उम्मीदवारों को वोट देकर “बुलेट की रफ्तार” से आगे बढ़ने वाली “डबल इंजन” सरकार को चुनने की अपील की।

उन्होंने द्रमुक और कांग्रेस की ओर निशाना साधते हुए कहा कि महिला आरक्षण संशोधन विधेयक का विरोध राजनीतिक लाभ-हानि के आधार पर नहीं किया जाना चाहिए।

नायडू ने आरोप लगाया, “अब मैं साफ तौर पर कह रहा हूं कि तमिलनाडु में कानून-व्यवस्था बिगड़ रही है। शहर का बुनियादी ढांचा और नागरिक सुविधाएं स्तरीय नहीं हैं। वही पुरानी सड़कें हैं, कोई सुधार नहीं हुआ है।”

उन्होंने आरोप लगाया कि भारी बारिश होने पर चेन्नई में जलभराव की गंभीर समस्या उत्पन्न हो सकती है।

नायडू ने दावा किया कि राज्य में महिलाओं के खिलाफ अपराधों में 59 प्रतिशत की वृद्धि हुई है, हिरासत में 32 मौतें हुई हैं और नकली शराब की समस्या भी है।

नायडू ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की प्रशंसा की और कहा कि गंगा-कावेरी नदी को जोड़ने का काम केवल प्रधानमंत्री के प्रयासों से ही संभव हो पाएगा।

उन्होंने कहा कि चाहे किसी को पसंद हो या न हो, अगले दो चुनावों में प्रधानमंत्री मोदी ही रहेंगे।

अभिनेता विजय के आगामी चुनावों पर प्रभाव के विषय में पूछे गए एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि मौजूदा राजनीति में एमजीआर या एनटीआर जैसे नेताओं की बराबरी करने वाला कोई नहीं है।

दक्षिणी राज्यों पर हिंदी थोपने के मुद्दे पर पूछे गए एक सवाल का जवाब देते हुए आंध्र प्रदेश के मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्र सरकार ने हिंदी को राष्ट्रीय भाषा घोषित नहीं किया है।

उन्होंने सवाल किया कि किसी को हिंदी क्यों नहीं सीखनी चाहिए?

तमिलनाडु के मुख्यमंत्री एमके स्टालिन की इस टिप्पणी पर कि दक्षिण के राज्यों ने महिलाओं आरक्षण संशोधन विधेयक और परिसीमन विधेयक का समर्थन न करके दिल्ली को हरा दिया, नायडू ने कहा कि ‘मैं इस तर्क को समझ नहीं सकता।’

उन्होंने कहा कि केंद्र में राजग सरकार ने एक ऐसा फॉर्मूला पेश किया है जिसके तहत हर राज्य में लोकसभा सीटों की संख्या में 50 प्रतिशत की वृद्धि होगी, चाहे राज्य का आकार और जनसंख्या कुछ भी हो। हालांकि इस विधेयक का विरोध करने वाले द्रमुक और कांग्रेस को जनता के प्रति जवाबदेह होना चाहिए।

भाषा

राखी माधव

माधव


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