एमडीएमके ने द्रमुक नीत धर्मनिरपेक्ष प्रगतिशील गठबंधन से नाता तोड़ने का किया ऐलान

एमडीएमके ने द्रमुक नीत धर्मनिरपेक्ष प्रगतिशील गठबंधन से नाता तोड़ने का किया ऐलान

एमडीएमके ने द्रमुक नीत धर्मनिरपेक्ष प्रगतिशील गठबंधन से नाता तोड़ने का किया ऐलान
Modified Date: June 27, 2026 / 06:13 pm IST
Published Date: June 27, 2026 6:13 pm IST

चेन्नई, 27 जून (भाषा) वाइको के नेतृत्व वाली मरुमलार्ची द्रविड़ मुनेत्र कषगम (एमडीएमके) ने द्रविड़ मुनेत्र कषगम (द्रमुक) नीत धर्मनिरपेक्ष प्रगतिशील गठबंधन से अलग होने की घोषणा की है। पार्टी प्रमुख वाइको की अध्यक्षता में एमडीएमके की शनिवार को आयोजित आम परिषद की एक महत्वपूर्ण बैठक में यह निर्णय लिया गया।

एमडीएमके ने द्रमुक पर अखिल भारतीय अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कषगम (अन्नाद्रमुक) की सरकार बनवाने का प्रयास करने का आरोप लगाया है।

एमडीएमके ने आरोप लगाया कि ‘हिंदुत्व सांप्रदायिक ताकतों’ के साथ चुनाव-पूर्व गठबंधन करने वाली अन्नाद्रमुक के नेतृत्व वाली सरकार बनवाने की कोशिश ने द्रमुक के धर्मनिरपेक्ष विचारधारा आधारित गठबंधन के दावे को निरर्थक बना दिया है।

यहां आयोजित आम परिषद की बैठक में पारित प्रस्ताव में एमडीएमके ने आरोप लगाया कि चार मई, 2026 को तमिलनाडु विधानसभा चुनाव परिणाम घोषित होने के बाद यह सामने आया कि ‘पर्दे के पीछे हुए राजनीतिक समझौतों’ ने जनता के जनादेश के विपरीत काम किया।

प्रस्ताव में द्रमुक का नाम लिए बिना आरोप लगाया गया कि अन्नाद्रमुक की सरकार बनवाने के लिए ‘बंद कमरे में राजनीतिक व्यवस्थाएं’ की गईं।

एमडीएमके ने कहा कि 23 अप्रैल को हुए विधानसभा चुनाव में ‘हिंदुत्व सांप्रदायिक ताकतों’ के साथ गठबंधन कर अन्नाद्रमुक को केवल 47 सीटें मिली थीं।

प्रस्ताव में कहा गया कि अन्नाद्रमुक की सरकार बनवाने के प्रयास से कुछ स्वार्थी तत्वों ने द्रमुक के इस दावे को पूरी तरह अर्थहीन बना दिया कि धर्मनिरपेक्ष प्रगतिशील गठबंधन एक ‘वैचारिक गठबंधन’ है।

प्रस्ताव में कहा गया, ‘‘इन परिस्थितियों में मरुमलार्ची द्रविड़ मुनेत्र कषगम के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं ने यह मत व्यक्त किया है कि पार्टी को अब द्रमुक नीत गठबंधन में बने नहीं रहना चाहिए।’’

इसमें कहा गया, ‘‘इसलिए यह आम परिषद द्रमुक नीत धर्मनिरपेक्ष प्रगतिशील गठबंधन से अलग होने का निर्णय लेती है। आगामी चुनाव के समय पार्टी गठबंधन के संबंध में उपयुक्त निर्णय करेगी।’’

एमडीएमके ने कहा कि वह पिछले आठ वर्षों से अधिक समय से द्रमुक नीत धर्मनिरपेक्ष प्रगतिशील गठबंधन का हिस्सा रही है।

पार्टी ने कहा कि तीन दिसंबर, 2017 को हुई उच्चस्तरीय समिति की बैठक में द्रमुक के साथ गठबंधन करने का प्रस्ताव पारित किया गया था।

एमडीएमके के अनुसार, इस गठबंधन का उद्देश्य तमिलनाडु में सांप्रदायिक ताकतों को पैर जमाने से रोकना और द्रविड़ आंदोलन की मूल वैचारिक धारा की रक्षा करना था।

भाषा रवि कांत रवि कांत शफीक

शफीक


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