पंजाब में आम आदमी पार्टी के नेतृत्व और सांसदों के बीच बेहतर समन्वय की जरूरत: सांसद कंग

पंजाब में आम आदमी पार्टी के नेतृत्व और सांसदों के बीच बेहतर समन्वय की जरूरत: सांसद कंग

पंजाब में आम आदमी पार्टी के नेतृत्व और सांसदों के बीच बेहतर समन्वय की जरूरत: सांसद कंग
Modified Date: April 25, 2026 / 06:50 pm IST
Published Date: April 25, 2026 6:50 pm IST

चंडीगढ़, 25 अप्रैल (भाषा) आम आदमी पार्टी (आप) के लोकसभा सदस्य मलविंदर सिंह कंग ने शनिवार को कहा कि पंजाब में पार्टी के नेतृत्व और विधायकों, सांसदों और मंत्रियों के बीच बेहतर समन्वय तथा निरंतर संवाद की आवश्यकता है।

यह बयान ‘आप’ के राज्य से सात में से छह राज्यसभा सदस्यों के भाजपा में शामिल होने के एक दिन बाद आया है।

आनंदपुर साहिब से आम आदमी पार्टी के सांसद ने यह भी कहा कि पार्टी को राज्यसभा के लिए पंजाब के पार्टी कार्यकर्ताओं और स्वयंसेवकों पर भी विचार करना चाहिए था।

आम आदमी पार्टी केवल पंजाब में सत्ता में है।

पार्टी के लिए शुक्रवार को उस समय गंभीर संकट की घड़ी आ गयी, जब उसके दस में से सात सांसदों ने भाजपा में शामिल होने की घोषणा कर दी।

पार्टी ने कहा कि इन सांसदों को राज्यसभा से अयोग्य घोषित करने का अनुरोध किया जाएगा।

कंग ने बताया कि भाजपा में शामिल हुए संदीप पाठक ने एक बार उनसे कहा था कि पिछले एक साल से पार्टी ने उनसे संपर्क नहीं किया।

आईआईटी दिल्ली के पूर्व प्रोफेसर पाठक को चुनाव व प्रचार रणनीति तैयार करने और पार्टी संगठन को मजबूत करने का श्रेय दिया जाता है।

कभी आम आदमी पार्टी के सुप्रीमो अरविंद केजरीवाल के करीबी माने जाने वाले पाठक ने पार्टी की 2022 के पंजाब विधानसभा चुनाव में जीत में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी।

कंग ने कहा, “संदीप ने मुझे बताया था कि पिछले एक साल से उनसे संपर्क नहीं किया गया। अगर उनसे नियमित रूप से संपर्क किया जाता, तो वे पार्टी नहीं छोड़ते।”

कंग ने पार्टी नेतृत्व और विधायकों, मंत्रियों व सांसदों के बीच बेहतर समन्वय और निरंतर संवाद की आवश्यकता पर जोर दिया।

उन्होंने कहा, “सही लोगों से प्रतिक्रिया लेनी चाहिए और जमीनी स्तर पर काम कर रहे कार्यकर्ताओं को सशक्त बनाना चाहिए।”

शुक्रवार को सांसद राघव चड्ढा और पाठक ने पांच अन्य राज्यसभा सदस्यों के साथ भाजपा में शामिल होने की घोषणा की।

उन्होंने आम आदमी पार्टी के अन्य सांसदों के रूप में अशोक मित्तल, हरभजन सिंह, राजेंद्र गुप्ता, विक्रमजीत साहनी (सभी पंजाब से) और स्वाति मालीवाल का नाम लिया।

भाषा जितेंद्र दिलीप

दिलीप


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