केरल में भीषण गर्मी को लेकर लोग सतर्कता बरतेंः स्वास्थ्य मंत्री वीणा जार्ज

केरल में भीषण गर्मी को लेकर लोग सतर्कता बरतेंः स्वास्थ्य मंत्री वीणा जार्ज

केरल में भीषण गर्मी को लेकर लोग सतर्कता बरतेंः स्वास्थ्य मंत्री वीणा जार्ज
Modified Date: April 17, 2026 / 03:44 pm IST
Published Date: April 17, 2026 3:44 pm IST

तिरुवनंतपुरम, 17 अप्रैल (भाषा) केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीणा जॉर्ज ने राज्य में पड़ रही भीषण गर्मी के मद्देनजर लोगों से सतर्कता बरतने का आग्रह किया है।

हाल के दिनों में केरल में हीटस्ट्रोक (लू लगने) की कई घटनाएं सामने आई हैं।

मंत्री ने शुक्रवार को एक बयान में बताया कि स्वास्थ्य विभाग ने प्रमुख अस्पतालों में विशेष ‘हीटस्ट्रोक क्लिनिक’ स्थापित किए हैं। इन क्लिनिक में शीतलन (कूलिंग) की सुविधाएं और आवश्यक दवाएं उपलब्ध कराई गई हैं। साथ ही गर्मी से संबंधित बीमारियों की निगरानी प्रणाली को मजबूत किया गया है।

उन्होंने कहा कि अत्यधिक पराबैंगनी (यूवी) विकिरण के मद्देनजर, विशेष रूप से पूर्वाह्न 11 बजे से अपराह्न तीन बजे के बीच लोगों को सीधे धूप में जाने से बचना चाहिए।

मंत्री ने चेतावनी दी कि लंबे समय तक तेज धूप में रहने से हीटस्ट्रोक और अन्य गर्मी जनित बीमारियां हो सकती हैं।

वीणा जॉर्ज ने कहा, ‘‘बच्चों, बुजुर्गों, गर्भवती महिलाओं और गंभीर बीमारियों से ग्रस्त लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए। जो लोग बाहर काम करते हैं, उन्हें अपने काम के समय को सुबह जल्दी या शाम के समय में पुनर्निर्धारित कर लेना चाहिए।’’

स्वास्थ्य मंत्री ने लोगों को बाहर निकलते समय टोपी, छाता, धूप का चश्मा और सनस्क्रीन जैसे सुरक्षात्मक उपाय अपनाने की सलाह दी। साथ ही ढीले, हल्के रंग के सूती कपड़े पहनने और यात्रा के दौरान छायादार स्थानों पर विश्राम करने को कहा गया है।

निर्जलीकरण के खतरे पर बल देते हुए मंत्री ने कहा कि लोगों को प्यास न लगने पर भी पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहना चाहिए। उन्होंने कहा कि नमकीन चावल का पानी, छाछ और नींबू पानी जैसे पेय लाभकारी हैं, तथा निर्जलीकरण घर के अंदर भी हो सकता है।

उन्होंने सलाह दी कि अत्यधिक मीठे और कॉर्बोनेटेड पेय से बचना चाहिए तथा घर के भीतर उचित वेंटिलेशन सुनिश्चित करना चाहिए।

स्वास्थ्य मंत्री ने थकान, चक्कर आना, सिरदर्द, मतली, अत्यधिक पसीना, तीव्र प्यास, पेशाब में कमी और बेहोशी जैसे लक्षणों को हीटस्ट्रोक के संकेत बताते हुए कहा कि ऐसे लक्षण दिखने पर तुरंत छायादार स्थान पर जाकर आराम करें, तरल पदार्थ लें और चिकित्सा सहायता प्राप्त करें।

भाषा रवि कांत रवि कांत पवनेश

पवनेश


लेखक के बारे में