उप्र के आईएएस अधिकारी राही का ‘तकनीकी इस्तीफा’ स्वीकार नहीं करें राष्ट्रपति: कांग्रेस

उप्र के आईएएस अधिकारी राही का ‘तकनीकी इस्तीफा’ स्वीकार नहीं करें राष्ट्रपति: कांग्रेस

उप्र के आईएएस अधिकारी राही का ‘तकनीकी इस्तीफा’ स्वीकार नहीं करें राष्ट्रपति: कांग्रेस
Modified Date: April 2, 2026 / 04:26 pm IST
Published Date: April 2, 2026 4:26 pm IST

नयी दिल्ली, दो अप्रैल (भाषा) कांग्रेस ने भारतीय प्रशासनिक सेवा (आईएएस) से ‘तकनीकी रूप से इस्तीफा’ देने की अनुमति मांगने वाले रिंकू सिंह राही के विषय को लेकर बृहस्पतिवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू से आग्रह किया कि उनका त्यागपत्र स्वीकार नहीं किया जाए और उत्तर प्रदेश सरकार को उन्हें काम देने के लिए निर्देश दिया जाए।

पार्टी के अनुसूचित जाति विभाग के प्रमुख राजेंद्र पाल गौतम ने यह भी कहा कि इस दलित अधिकारी को इस्तीफा देने के लिए मजबूर कर दिया गया क्योंकि उन्होंने भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई की थी।

राही ने पिछले महीने 26 मार्च को राष्ट्रपति मुर्मू को लिखे अपने पत्र में आईएएस से ‘तकनीकी रूप से इस्तीफा’ देने की अनुमति मांगी थी।

उन्होंने एक नैतिक दुविधा को इसका कारण बताते हुए कहा था कि बिना किसी ठोस जिम्मेदारी के सिर्फ वेतन और भत्ते लेते हुए सेवा में बने रहना उन्हें उचित नहीं लगता।

गौतम ने संवाददाताओं से कहा, ‘‘आज भी जब कोई दलित युवा मेहनत कर आईएएस-पीसीएस अधिकारी बनता है, तो उसके साथ प्रताड़ना की जाती है। हालात ऐसे बनते हैं कि वो अधिकारी अपनी नौकरी से ही इस्तीफा देने को मजबूर हो जाता है। यही रिंकू सिंह राही के साथ हुआ है। हालात ये हैं कि पिछले 8 महीने से उन्हें कोई काम ही नहीं दिया जा रहा है, उन्हें कोई भी महत्वपूर्ण और प्रमुख पद नहीं सौंपा जा रहा है।’’

उन्होंने कहा, ‘‘मैं देश की महामहिम राष्ट्रपति जी से मांग करता हूं कि आईएएस रिंकू सिंह राही जी का तकनीकी इस्तीफा स्वीकार न किया जाए। इसके साथ ही यूपी सरकार को ये निर्देश दिया जाए कि आईएएस रिंकू जी को काम दिया जाए।’’

भाषा हक

प्रशांत

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