अंधविश्वास के कारण तहसील भवन का द्वार बंद, लोगों को हो रही असुविधा : कार्यकर्ताओं का दावा

अंधविश्वास के कारण तहसील भवन का द्वार बंद, लोगों को हो रही असुविधा : कार्यकर्ताओं का दावा

अंधविश्वास के कारण तहसील भवन का द्वार बंद, लोगों को हो रही असुविधा : कार्यकर्ताओं का दावा
Modified Date: March 28, 2026 / 07:36 pm IST
Published Date: March 28, 2026 7:36 pm IST

छत्रपति संभाजीनगर, 28 मार्च (भाषा) कुछ ग्रामीणों और कार्यकर्ताओं ने शनिवार को दावा किया कि नांदेड जिले में किनवट तहसील कार्यालय का पश्चिमी द्वार ‘‘अंधविश्वास’’ के कारण बंद है। हालांकि, प्रशासन ने इस आरोप को खारिज कर दिया है।

शेतकरी संगठन के पदाधिकारी रमेश कदम ने बताया कि तहसील भवन कुछ साल पहले बनाया गया था, लेकिन पश्चिमी द्वार शुरू से बंद ही रहा है। हालांकि, वहां अधिकतर दुकानें पश्चिम की ओर ही हैं।

कदम ने आरोप लगाया, ‘‘अंधविश्वास के कारण द्वार बंद है। किसी ने अधिकारियों को इस द्वार को नहीं खोलने का निर्देश दिया था। इससे लोगों को असुविधा हो रही है। उन्हें पूर्वी द्वार से इमारत तक पहुंचने के लिए काफी दूर तक चलना पड़ता है।’’

जब इस संबंध में नांदेड जिला प्रशासन से संपर्क किया गया, तो उसने इन दावों को खारिज कर दिया।

अधिकारी ने बताया, ‘‘पश्चिमी द्वार भवन का मुख्य प्रवेश द्वार नहीं है। इसके अलावा पास में ही महिलाओं का शौचालय है। हमने महिलाओं की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए द्वार बंद रखा है। इसमें अंधविश्वास की कोई बात नहीं है।’’

भाषा

गोला अविनाश

अविनाश


लेखक के बारे में