मप्र: कोतमा में इमारत धंसने की घटना में मरने वालों की संख्या दो हुई, बचाव अभियान जारी
मप्र: कोतमा में इमारत धंसने की घटना में मरने वालों की संख्या दो हुई, बचाव अभियान जारी
अनूपपुर (मध्यप्रदेश), पांच अप्रैल (भाषा) मध्यप्रदेश के अनूपपुर जिले के कोतमा कस्बे में शनिवार शाम चार मंजिला लॉज की इमारत ढह जाने की घटना में मरने वालों की संख्या दो हो गई। पुलिस के एक अधिकारी ने रविवार को यह जानकारी दी।
उन्होंने बताया कि पांच अन्य लोग इस हादसे में घायल हो गए हैं, जिनमें दो की हालत गंभीर है और उन्हें बेहतर इलाज के लिए शहडोल भेजा गया है।
अधिकारी ने बताया कि मलबे में अब भी कुछ लोगों के दबे होने की आशंका है, इसलिए राहत व बचाव कार्य जारी है।
अनूपपुर के जिलाधिकारी हर्षल पंचोली ने बताया कि कोतमा में इमारत ढहने की दुर्भाग्यपूर्ण घटना में रात में पांच लोगों को मलबे से बाहर निकाला गया है, जिनमें दो की मौत हो गई है।
अधिकारियों ने बताया कि कोतमा बस स्टैंड के पास स्थित ‘अग्रवाल लॉज’ नामक यह इमारत शनिवार शाम करीब साढ़े पांच बजे ढह गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार इमारत गिरते समय तेज धमाके जैसी आवाज हुई और चारों ओर धूल का गुबार फैल गया।
उन्होंने बताया कि घटना के समय बस स्टैंड क्षेत्र में यात्रियों की आवाजाही के कारण भीड़ थी तथा पास के भूखंड पर निर्माण कार्य भी हो रहा था।
अनूपपुर के पुलिस अधीक्षक (एसपी) मोती उर रहमान ने रविवार सुबह बताया कि मृतकों की पहचान हनुमान दीन यादव (55) और रामकृपाल यादव (50) के रूप में हुई है।
उन्होंने कहा कि मलबे से पांच और लोग निकाले गए, जो घायल हैं। इनमें से दो की हालत गंभीर है और उन्हें शहडोल रेफर किया गया है।
उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) सहित अन्य बचाव टीम ने रात भर अभियान चलाया और यह अब भी जारी है ताकि अगर कोई और मलबे में फंसा हो तो उसे निकाला जा सके।
पुलिस अधीक्षक ने बताया कि करीब 10 वर्ष पुरानी इस इमारत के पास जारी निर्माण कार्य के कारण हादसा होने की आशंका है।
मध्यप्रदेश के वन मंत्री एवं अनूपपुर जिले के प्रभारी मंत्री दिलीप अहिरवार और कुटीर एवं ग्राम उद्योग मंत्री दिलीप जायसवाल शनिवार देर रात घटनास्थल पर पहुंचे और वरिष्ठ अधिकारियों के साथ राहत एवं बचाव कार्य की निगरानी की।
अहिरवार ने पत्रकारों से बातचीत में कहा कि इस हादसे से जुड़े हर पहलू की जांच की जाएगी और दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता मलबे में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालना और उनका समुचित इलाज कराना है।
उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की टीम भी मौके के लिए रवाना हो गई है तथा प्रभारी मंत्री दिलीप जायसवाल सहित अधिकारियों को घटनास्थल पर पहुंचने के निर्देश दिए गए हैं। तीन लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है।
भाषा सं ब्रजेन्द्र सुरभि
सुरभि

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