एनजीटी ने पानी के इस्तेमाल को लेकर छह क्रिकेट स्टेडियमों को नोटिस जारी किया
एनजीटी ने पानी के इस्तेमाल को लेकर छह क्रिकेट स्टेडियमों को नोटिस जारी किया
नयी दिल्ली, 23 अप्रैल (भाषा) राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) ने देश भर के छह क्रिकेट स्टेडियमों को नोटिस जारी कर उनसे पूछा है कि पिच और मैदानों के रखरखाव के लिए इस्तेमाल होने वाले पानी के स्रोत का खुलासा नहीं करने पर उनकी गतिविधियों को क्यों न रोक दिया जाए जिसमें यहां का अरुण जेटली स्टेडियम भी शामिल है।
एनजीटी ने कई क्रिकेट स्टेडियमों से ‘सेंट्रल ग्राउंड वाटर अथॉरिटी’ (सीजीडब्ल्यूए) को जानकारी देने को कहा था जो उनके द्वारा दी गई जानकारी को इकट्ठा कर रही है।
इससे पहले एनजीटी ने एक याचिका पर सुनवाई की थी। इस याचिका में कहा गया था कि क्रिकेट मैदानों की देखभाल के लिए भूजल या ताजे पानी का इस्तेमाल नहीं होना चाहिए, बल्कि ‘सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट’ (एसटीपी) से साफ किया गया पानी इस्तेमाल होना चाहिए।
साथ ही इसमें यह भी कहा गया था कि बारिश का पानी जमा करने (रेनवॉटर हार्वेस्टिंग) की व्यवस्था नहीं होना भी गलत है क्योंकि इससे भूजल को बचाने और बढ़ाने में मदद मिलती है।
एनजीटी के अध्यक्ष न्यायमूर्ति प्रकाश श्रीवास्तव और विशेषज्ञ सदस्यों ए सेंथिल वेल और अफरोज अहमद की पीठ ने 16 अप्रैल के एक आदेश में कहा कि शुरू में सात स्टेडियम बार-बार निर्देश दिए जाने के बावजूद अपना जवाब दाखिल करने में नाकाम रहे।
इसमें कहा गया कि सुनवाई के दौरान हैदराबाद के स्टेडियम के वकील ने आदेश का पालन करने के लिए तीन हफ्ते का समय मांगा जबकि बाकी छह स्टेडियम पेश भी नहीं हुए और उन्होंने कोई जवाब भी दाखिल नहीं किया।
ये छह स्टेडियम अरुण जेटली स्टेडियम (दिल्ली), शहीद वीर नारायण सिंह अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम (रायपुर), सवाई मानसिंह स्टेडियम (जयपुर), डॉ डीवाई पाटिल स्टेडियम (मुंबई), भारत रत्न श्री अटल बिहारी वाजपेयी एकाना क्रिकेट स्टेडियम (लखनऊ) और बाराबती स्टेडियम (कटक) हैं।
पीठ ने कहा, ‘‘इसलिए इन छह स्टेडियमों को नोटिस जारी किया जाता है कि वे बताएं कि एनजीटी के आदेश का पालन नहीं करने और जरूरी जानकारी जमा नहीं करने के आधार पर उनकी सभी गतिविधियों को क्यों न रोक दिया जाए।’’
एनजीटी ने सीजीडब्ल्यूए को निर्देश दिया है कि वह इन स्टेडियमों तक यह आदेश पहुंचाए।
अब इस मामले में अगली सुनवाई दो जुलाई को होगी।
भाषा नमिता सुधीर
सुधीर

Facebook


