दबाव में किए गए तबादले पर हाईकोर्ट ने लगाई रोक, राज्य सरकार को चार हफ्तों में देना होगा जवाब

दबाव में किए गए तबादले पर हाईकोर्ट ने लगाई रोक, राज्य सरकार को चार हफ्तों में देना होगा जवाब

दबाव में किए गए तबादले पर हाईकोर्ट ने लगाई रोक, राज्य सरकार को चार हफ्तों में देना होगा जवाब
Modified Date: November 29, 2022 / 08:34 pm IST
Published Date: March 20, 2019 10:22 am IST

रीवा। रीवा में कांग्रेस पार्टी के नगर अध्यक्ष गुरमीत सिंह मंगू के दबाव में किए गए एक तबादले पर जबलपुर हाईकोर्ट ने रोक लगा दी है। . हाईकोर्ट ने इस मामले में राज्य सरकार के खिलाफ नोटिस भी जारी किया है और चार हफ्तों में जवाब तलब किया है।
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दरअसल लोकसभा चुनाव की आचार संहिता लगने से पहले राज्य सरकार की ओर से रीवा के शासकीय टीआरएस कॉलेज के प्रभारी प्राचार्य रामलाल शुक्ला का तबादला कर दिया गया था। तबादले की नोटशीट जब सूचना के अधिकार के तहत हासिल की गई तो पता चला कि तबादले की अनुशंसा किसी शासकीय अधिकारी या मंत्री ने नहीं बल्कि रीवा के कांग्रेस नगर अध्यक्ष गुरमीत सिंह की ओर से की गई थी। ऐसे में तबादले के खिलाफ प्रभारी प्राचार्य ने हाईकोर्ट की शरण ली थी। इस याचिका में कहा गया था कि किसी राजनैतिक दल के पदाधिकारी की सिफारिश पर शासकीय कर्मचारी का तबादला नहीं किया जा सकता। मामले पर सुनवाई करते हुए जबलपुर हाईकोर्ट ने प्रभारी प्राचार्य रामलाल शुक्ला के तबादले पर रोक लगा दी है और राज्य सरकार से जवाब मांगा है। मामले पर अगली सुनवाई चार हफ्तों बाद की जाएगी।

 


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