यहां सामने आया धान खरीदी में घोटाला, किसानों के खातों में जमा हुए लाखों और निकाल भी लिए

यहां सामने आया धान खरीदी में घोटाला, किसानों के खातों में जमा हुए लाखों और निकाल भी लिए

यहां सामने आया धान खरीदी में घोटाला, किसानों के खातों में जमा हुए लाखों और निकाल भी लिए
Modified Date: November 29, 2022 / 08:11 pm IST
Published Date: March 7, 2019 11:41 am IST

जगदलपुर । बस्तर में धान खरीदी में सबसे बड़ा घोटाला सामने आया है। जिसके तहत जगदलपुर के करंजी लैम्स में आरंभिक तौर पर ही 15 से अधिक किसानों के खातों में अवैध रूप से धान बेचकर बैंक से समर्थन मूल्य की रकम भी निकाली गई है। इस पूरे मामले में सहकारी बैंक के मैनेजर और लैम्स खरीदी प्रभारी की भूमिका सामने आ रही है। उक्त मामले में किसानों ने आरोप लगाया है कि उनके ऋण पुस्तिका और बैंक के पासबुक खरीदी प्रभारी ने अपने पास रख ली थी किसान बैंक गए नहीं और उनके खातों से पैसे निकाल लिए गए लैम्स गए नहीं और उनके खाते में धान बेच दिया गया था।

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ज्ञात हो कि सब कुछ डिजिटल हो जाए तो गलतियां पकड़ना और भी मुश्किल हो जाता है जगदलपुर के करंजी लेम्स में हुई धान खरीदी से यही बात उजागर होती है दरअसल फसल लगाने से पहले किसान कर्ज लेता है और फसल बेचने के बाद भुगतान की रकम, कर्ज़ लेने के लिए जिस लैम्प्स पर किसानों ने अपने दस्तावेज जमा किए उसी लैम्पस के मैनेजर ने उनके ऋण पुस्तिका पर अवैध रूप से लाखों रुपए का धान बेच दिया करंजी लैम्पस के मैनेजर ने गुपचुप तरीके से यह अवैध धान जिसकी अनुमानित कीमत करीब 35 लाख रुपए मानी जा रही है। उसे 15 किसानों के खातों में धान बेचा गया।

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खास बात है कि किसानों को इस बात की भनक नहीं लगी धान बेचने के बाद जब किसानों के खातों में पहुंच गई तो इसके बाद यह रकम भी सहकारी बैंक के मैनेजर की मदद से निकाली गई किसान बैंक पहुंचा ही नहीं और रकम निकल गई लेकिन ट्रांजैक्शन का मैसेज एक गांव के किसान कि मोबाइल पर आ गया जिससे उसने पूछताछ की और पूरा माजरा खुल गया एक एक कर किसानों ने जब अपने खातों की पड़ताल की तो मालूम चला कि गांव के किसान इसी तरह अपनी जमीन पर अवैध रूप से ध्यान दे चुके हैं जबकि किसानों की यह जानकारी में ही नहीं।

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बताया जा रहा है कि किसान ने धान लगाया ही नहीं और उनकी खाते पर धान बेच दिया गया और इसकी रकम भी बैंक से ही किसी और ने निकाली जाहिर है एक बड़ा सिंडिकेट है जो इस पूरे घोटाले में शामिल है। धान घोटाले का यह बड़ा भांडा फोड़ इसी तरह तो हुआ है। लेकिन जांच पड़ताल में उम्मीद की जा रही है कि इसमें और भी बड़ी गड़बड़ियां उजागर हो सकती है।


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