गठबंधन में चुनाव लड़ने की खबरें गुमराह करने वाली ‘फेक न्यूज’ : बसपा प्रमुख मायावती

गठबंधन में चुनाव लड़ने की खबरें गुमराह करने वाली ‘फेक न्यूज’ : बसपा प्रमुख मायावती

गठबंधन में चुनाव लड़ने की खबरें गुमराह करने वाली ‘फेक न्यूज’ : बसपा प्रमुख मायावती
Modified Date: February 18, 2026 / 12:21 pm IST
Published Date: February 18, 2026 12:21 pm IST

लखनऊ, 18 फरवरी (भाषा) बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने आगामी विधानसभा चुनाव गठबंधन में लड़ने की खबरों को गुमराह करने की नीयत से फैलायी जा रही ‘फेक न्यूज’ करार देते हुए बुधवार को कहा कि उनकी पार्टी अगला चुनाव अपने बलबूते ही लड़ेगी।

मायावती ने यहां ‘पीटीआई-वीडियो’ से कहा कि कृत्रिम मेधा (एआई) की मदद से यह खबरें फैलायी जा रही है कि बसपा उत्तर प्रदेश में पार्टी विधानसभा का होने वाला अगला चुनाव गठबंधन में लड़ेगी। इसकी आम चर्चा है जो विशुद्ध रूप से लोगों को गुमराह करने की नीयत से फैलायी जा रही ‘फेक न्यूज’ है।

उन्होंने कहा, ‘‘यह बिल्कुल गलत, झूठ, हवा-हवाई एवं मनगढ़ंत खबर है। ऐसे में नेताओं के साथ-साथ मीडिया को भी इस प्रकार की खबरों से बचना चाहिए।’’

बसपा प्रमुख ने कहा कि वह अपनी पार्टी द्वारा अपने बलबूते पर चुनाव लड़ने के बारे में कई बार सार्वजनिक तौर पर ऐलान कर चुकी हैं और खासतौर से नौ अक्टूबर 2025 को बसपा के जन्मदाता एवं संस्थापक कांशीराम की पुण्यतिथि के मौके पर लखनऊ में आयोजित महारैली में भी इसकी खुली घोषणा की जा चुकी है। अब ऐसी किसी भी चर्चा या बहस की कोई गुंजाइश नहीं बची है। हालांकि, साजिश के तहत कुछ लोग और मीडिया का एक वर्ग इस तरह की फर्जी खबरें फैला रहा है। इसे बसपा विरोधी हथकंडा ही माना जाएगा जिस पर लोगों को ध्यान देने की बिल्कुल भी जरूरत नहीं है।

मायावती ने कहा कि बसपा कार्यकर्ताओं को यह अच्छी तरह मालूम है कि कांग्रेस, समाजवादी पार्टी (सपा) और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की सोच ‘संकीर्ण’ है। साथ ही, परम पूज्य बाबा साहब भीमराव आंबेडकर का ‘विरोधी’ होने के कारण इनका आंबेडकरवादी होना तथा बसपा से गठबंधन करने की नीति केवल चुनावी स्वार्थ है। गठबंधन करने से बसपा को केवल नुकसान ही होता है, इसीलिए बसपा के लोग 2027 का विधानसभा चुनाव अकेले ही पूरे जी जान से लड़ेंगे।

मायावती ने दिल्ली में उन्हें आवंटित टाइप-आठ बंगला मामले में सफाई देते हुए कहा कि बसपा प्रमुख और पूर्व मुख्यमंत्री होने के नाते सुरक्षा खतरे के चलते उन्हें पूर्व में भी ऐसा बंगला आवंटित किया जाता रहा है। इसलिये इस मामले पर किसी तरह की अनर्गल बातें और राजनीति ना की जाए।

उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं को आगाह करते हुए कहा, ‘‘जैसे-जैसे चुनाव नजदीक आएगा तो साम-दाम-दंड-भेद आदि हथकंडे अपनाकर बसपा को सत्ता से दूर रखने के विरोधियों के षड्यंत्र और भी बढ़ते जाएंगे। बसपा कार्यकर्ता किसी बहकावे में न आयें और अगले चुनाव की तैयारी में तन-मन-धन से लगे रहें।’’

भाषा सलीम मनीषा सुरभि

सुरभि


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