सेना प्रमुख मुनीर ने बल प्रयोग कर पाकिस्तान में लोकतंत्र की जड़ें कमजोर कीं : इमरान खान

सेना प्रमुख मुनीर ने बल प्रयोग कर पाकिस्तान में लोकतंत्र की जड़ें कमजोर कीं : इमरान खान

सेना प्रमुख मुनीर ने बल प्रयोग कर पाकिस्तान में लोकतंत्र की जड़ें कमजोर कीं : इमरान खान
Modified Date: October 22, 2025 / 08:08 pm IST
Published Date: October 22, 2025 8:08 pm IST

लाहौर, 22 अक्टूबर (भाषा) जेल में बंद पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने बुधवार को सेना प्रमुख आसिम मुनीर पर बल प्रयोग के जरिए पाकिस्तान में लोकतंत्र की जड़ें कमजोर करने का आरोप लगाया।

खान (73) कई मामलों में दो साल से ज्यादा समय से जेल में हैं।

उन्होंने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में कहा, “सही मायनों में लोकतांत्रिक देश का मतलब एक ऐसा देश, जहां संविधान, कानून का शासन, न्याय व लोकतांत्रिक स्वतंत्रताएं सर्वोच्च हों, हालांकि आसिम मुनीर के लोकतांत्रिक देश का मतलब एक ऐसी व्यवस्था है, जहां सभी लोकतांत्रिक स्तंभों को कुचल दिया जाता है और उनकी जगह ‘आसिम कानून’ स्थापित कर दिया जाता है।”

पूर्व प्रधानमंत्री ने कहा, “स्पष्ट कर दूं, कोई भी देश अपने लोगों के समर्थन और सहमति के बिना कभी भी मजबूत नहीं बन सकता। तथाकथित आसिम कानून के तहत किए जा रहे अत्याचार देश को मजबूत नहीं बल्कि उसकी नींव को कमजोर कर रहे हैं।”

खान ने यह भी दावा किया कि उन्हें जेल में पूरी तरह से अलग-थलग रखा गया है।

उन्होंने कहा, “मुझे पूरी तरह से अलग-थलग रखा जा रहा है। पाकिस्तान के इतिहास में राजनीतिक उत्पीड़न का इससे बड़ा उदाहरण कभी नहीं रहा। मुझे जेल नियमावली के तहत बुनियादी सुविधाओं से वंचित रखा जा रहा है।”

पूर्व प्रधानमंत्री ने कहा कि पिछले 10 महीनों में उन्हें अपने बेटों से सिर्फ एक बार बात करने की इजाजत मिली है और वह भी तीन-तीन मिनट के दो छोटे अंतराल के लिए।

उन्होंने कहा, “मुझे न केवल मौलिक मानवाधिकारों से वंचित किया जा रहा है बल्कि पार्टी नेता होने के नाते अपने राजनीतिक सहयोगियों से मिलने के अधिकार से भी वंचित किया जा रहा है। मेरे वकीलों, पार्टी सदस्यों और परिवार से मिलने में लगातार बाधाएं डाली जा रही हैं। यह मेरे बुनियादी और कानूनी अधिकारों का स्पष्ट उल्लंघन है।”

भाषा जितेंद्र नेत्रपाल

नेत्रपाल


लेखक के बारे में