वेनेजुएला में भूकंप से करीब 235 लोगों की मौत, 4300 घायल

वेनेजुएला में भूकंप से करीब 235 लोगों की मौत, 4300 घायल

वेनेजुएला में भूकंप से करीब 235 लोगों की मौत, 4300 घायल
Modified Date: June 26, 2026 / 08:28 am IST
Published Date: June 26, 2026 8:28 am IST

ला ग्वायरा (वेनेजुएला), 26 जून (एपी) वेनेजुएला में आए शक्तिशाली भूकंप में मरने वालों की संख्या बढ़कर 235 हो गई है, वहीं कम-से-कम 4,300 लोग घायल हैं।

स्वास्थ्य मंत्री कार्लोस अल्वाराडो ने सरकारी मीडिया से कहा, ‘‘दुर्भाग्यवश हमारे स्वास्थ्य केंद्रों में लगभग 235 ऐसे लोग लाए गए, जो या तो पहले ही दम तोड़ चुके थे या अस्पताल पहुंचने पर उनकी मौत हो गई।’’

भूकंप के बाद हजारों लोगों के लापता होने की खबर है जिससे आशंका जताई जा रही है कि मृतकों और घायलों की संख्या बढ़ सकती है।

बुधवार शाम आए 7.2 और 7.5 तीव्रता के इन भूकंपों को वेनेजुएला में पिछले एक सदी से भी अधिक समय में आए सबसे शक्तिशाली भूकंपों में गिना जा रहा है। इसके झटके पूरे क्षेत्र में महसूस किए गए।

भूकंप के बाद हजारों लोगों के लापता होने की सूचना है और एहतियात के तौर पर ब्राज़ील के अमेज़न क्षेत्र तक कई इमारतों को खाली कराया गया है।

इस भीषण तबाही के मद्देनज़र, अमेरिकी वित्त मंत्रालय ने बृहस्पतिवार को कुछ आर्थिक प्रतिबंधों में 23 अक्टूबर तक अस्थायी छूट देने का फैसला किया ताकि वेनेजुएला में भूकंप राहत कार्यों से जुड़े ऐसे वित्तीय लेन-देन किए जा सकें जो सामान्य परिस्थितियों में प्रतिबंधित होते।

इस बीच, उत्तरी वेनेजुएला के कई शहरों में लोग सड़कों पर निकल आए और लापता लोगों की मलबे में तलाश में जुट गए।

घायलों को धूल और खून से लथपथ हालत में मलबे से बाहर निकाला गया। इनमें बच्चे और पशु भी शामिल थे। वेनेजुएला के सरकारी टेलीविजन ने बचाव अभियानों के मार्मिक दृश्य प्रसारित किए। इनमें एक महिला सीमेंट के भारी स्लैब के नीचे फंसी हुई दिखाई दी और मलबे से उसके एक पैर का हिस्सा ही दिखाई दे रहा था, बचाव दल ने काफी प्रयास के बाद उसे जीवित बाहर निकाल लिया।

राजधानी काराकस के बाहर सरकारी खोज एवं बचाव दल बहुत कम दिखाई दिए।

तीन बच्चों की मां दयाना डेलगाडो ने सवाल उठाया कि सरकार की भारी मशीनें आखिर कहां हैं। उन्होंने कहा कि मलबा हटाने का काम तो स्थानीय पड़ोसी ही कर रहे हैं।

उन्होंने अपने आठ वर्षीय लापता बेटे के बारे में कहा, ‘मैं सिर्फ यह जानना चाहती हूं कि मेरा बच्चा कहां है। क्या वह मलबे में फंसा है या किसी राहत शिविर में है?’

एक अन्य महिला अपने तीन और दस वर्षीय बच्चों के शवों को कंबलों में लपेटकर ले जाते देख फूट-फूटकर रो पड़ी और बेसुध होकर गिर गई। वहीं कई लोग अपने लापता परिजनों के नाम पुकारते हुए मदद की गुहार लगाते रहे, जबकि कुछ लोग सदमे में खामोश खड़े रहे।

राजधानी काराकस के उत्तर में स्थित तटीय क्षेत्र ला ग्वायरा सबसे अधिक प्रभावित इलाकों में रहा, जहां भारी तबाही और सबसे ज्यादा जनहानि हुई। देश का प्रमुख हवाई अड्डा भी यहीं स्थित है, जिसे क्षति पहुंचने के कारण बंद कर दिया गया। इससे राहत और बचाव कार्यों में अतिरिक्त मुश्किलें पैदा हो गईं।

सेवानिवृत्त स्कूल शिक्षक जुआन अल्बर्टो मेंदान्यो ला ग्वायरा में मलबे के बीच से गुजर रहे थे। रास्ते में उन्होंने एक शव भी देखा, तभी उनकी नजर एक ऐसी महिला पर पड़ी, जो मलबे में फंसी हुई थी और हाथ हिलाकर मदद का संकेत दे रही थी।

मेंदान्यो ने कहा, ‘ईश्वर करे, उसे जल्द से जल्द सुरक्षित बाहर निकाल लिया जाए। जब हमने उसकी चीख सुनी, तब हमारे पास उसकी मदद करने का कोई साधन नहीं था।’

इस भीषण त्रासदी के बाद दुनिया के कई देशों ने वेनेजुएला को राहत सामग्री और मानवीय सहायता भेजने की पेशकश की। इनमें अमेरिका भी शामिल है, जिसने इसी वर्ष की शुरुआत में एक अप्रत्याशित सैन्य अभियान के दौरान वेनेजुएला के तत्कालीन राष्ट्रपति निकोलस मादुरो को हिरासत में ले लिया था।

एपी शोभना वैभव

वैभव


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