जयशंकर ने द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने पर अपनी कनाडाई समकक्ष अनीता आनंद के साथ चर्चा की

जयशंकर ने द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने पर अपनी कनाडाई समकक्ष अनीता आनंद के साथ चर्चा की

जयशंकर ने द्विपक्षीय सहयोग बढ़ाने पर अपनी कनाडाई समकक्ष अनीता आनंद के साथ चर्चा की
Modified Date: February 16, 2026 / 03:57 pm IST
Published Date: February 16, 2026 3:57 pm IST

म्यूनिख, 16 फरवरी (भाषा) विदेश मंत्री एस. जयशंकर और उनकी कनाडाई समकक्ष अनीता आनंद ने अगले महीने प्रधानमंत्री मार्क कार्नी की संभावित भारत यात्रा से पहले म्यूनिख सुरक्षा सम्मेलन के दौरान द्विपक्षीय ‘‘सहयोग प्रगाढ़ करने’’ और ‘‘साझेदारी के अवसरों’’ पर चर्चा की।

‘ग्लोबल अफेयर्स कनाडा’ (जीएसी) द्वारा रविवार को जारी एक बयान में कहा गया है कि सितंबर 2025 के बाद से मंत्रियों के बीच यह पांचवीं बैठक है, जो कनाडा-भारत संबंधों में बढ़ती गति को दर्शाती है।

जयशंकर ने शनिवार को हुई बैठक के बाद सोशल मीडिया पर पोस्ट किया, ‘‘कनाडा की विदेश मंत्री अनीता आनंद से मुलाकात और बातचीत बहुत अच्छी रही। भारत-कनाडा संबंध लगातार प्रगति कर रहे हैं।’’

दोनों मंत्रियों ने ऊर्जा, प्रौद्योगिकी और व्यापार सहित कई क्षेत्रों में सहयोग को और प्रगाढ़ करने पर चर्चा की।

आनंद ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में कहा, ‘‘कनाडा-भारत संबंधों और हमारे साझा हितों को आगे बढ़ाने के लिए आगामी कार्यों पर चर्चा करने के लिए मेरे भारतीय समकक्ष डॉ. एस जयशंकर से मिलकर अच्छा लगा।”

आनंद ने कनाडा के लिए एक साझेदार के रूप में भारत के महत्व को रेखांकित किया, क्योंकि दोनों मंत्रियों ने दोनों देशों के व्यवसायों, उद्योगों और श्रमिकों के लिए तकनीकी लाभों और महत्वपूर्ण साझेदारी के अवसरों पर चर्चा की।

उन्होंने कहा, ‘‘कनाडा रचनात्मक सहयोग के लिए प्रतिबद्ध है, और मैं भारत में अपने प्रयासों को जारी रखने के लिए उत्सुक हूं।’’

मंत्रियों ने अक्टूबर 2025 में घोषित कनाडा-भारत संबंधों की संयुक्त रूपरेखा पर हुई ठोस प्रगति पर भी जोर दिया।

खालिस्तानी अलगाववादी हरदीप सिंह निज्जर की हत्या में संभावित भारतीय संलिप्तता होने का 2023 में तत्कालीन प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो द्वारा आरोप लगाये जाने के बाद भारत-कनाडा संबंध में तनाव आ गया था।

भारत ने ट्रूडो के आरोपों को ‘‘बेतुका’’ बताते हुए खारिज कर दिया था।

भाषा प्रशांत सुभाष

सुभाष


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