Dhan ka Bonus Kitna Milega: किसानों को बोनस भुगतान के लिए बीजेपी सरकार ने लिया बड़ा फैसला, अब आएंगे अन्नदाताओं के अच्छे दिन
Dhan ka Bonus Kitna Milega: किसानों को बोनस भुगतान के लिए बीजेपी सरकार ने लिया बड़ा फैसला, अब आएंगे अन्नदाताओं के अच्छे दिन

Dhan ka Bonus Kitna Milega: किसानों को बोनस भुगतान के लिए बीजेपी सरकार ने लिया बड़ा फैसला, अब आएंगे अन्नदाताओं के अच्छे दिन/ Image: AI generated
- किसानों के लिए बड़ी राहत
- कैबिनेट की कई अहम घोषणाएं
- करीब ₹2,480 करोड़ की स्वीकृति
भोपाल: Dhan ka Bonus Kitna Milega मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रि-परिषद की बैठक मंगलवार को मंत्रालय में सम्पन्न हुई। मंत्रि-परिषद की बैठक में प्रदेश के सर्वांगीण विकास, बुनियादी ढांचे के विस्तार और जनकल्याण को गति देने के लिए लगभग 2 हजार 480 करोड़ रुपये की वित्तीय स्वीकृति दी गई। बैठक में खेल गतिविधियों, सिंचाई, महिला सशक्तिकरण, सूचना प्रौद्योगिकी और किसान कल्याण से जुड़े कई महत्वपूर्ण निर्णयों पर मुहर लगाई गई। प्रमुख निर्णयों में अक्टूबर 2026 में भोपाल में 'महिला एशियन हॉकी चैम्पियन्स ट्रॉफी' के भव्य आयोजन के लिए 18 करोड़ 74 लाख रुपये की सैद्धांतिक स्वीकृति दी गई, जिससे राज्य की खेल अवसंरचना और पर्यटन को वैश्विक पहचान मिलेगी। कृषि क्षेत्र को सुदृढ़ करने के लिए रिहन्द एवं मल्हारगढ़ सिंचाई परियोजनाओं और किसानों को समर्थन मूल्य पर बोनस भुगतान योजना की निरंतरता को मंजूरी मिली। प्रदेश को तकनीकी रूप से अग्रणी बनाने के उद्देश्य से आईआईएसईआर (IISER) भोपाल में ड्रोन टेक्नोलॉजी आधारित 'सेंटर ऑफ एक्सीलेंस' और आईटी पार्कों के विकास के लिए 857 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए। इन निर्णय में आई टी पार्क की स्थापना के वर्ष 2031 तक संचालन की निरंतरता की स्वीकृति महत्वपूर्ण है ,इसके तहत करीब 8000 युवाओं को रोजगार मिल सकेगा। 'मिशन शक्ति' के अंतर्गत महिला सशक्तिकरण के लिए 198 करोड़ रुपये, कर्मचारी कल्याण एवं पेंशन योजनाओं के लिए 982 करोड़ रुपये और ग्वालियर में विद्युत सुरक्षा के निरीक्षकालय के नवीन वृत्त कार्यालय और नारायणगढ़ में 9 नए न्यायिक पदों के सृजन को भी स्वीकृति प्रदान की गई है।
Dhan ka Bonus Kitna Milega भोपाल में होगा महिला एशियन हॉकी चैम्पियन्स ट्रॉफी 2026 का आयोजन
Dhan ka Bonus Kitna Milega मंत्रि-परिषद ने माह अक्टूबर 2026 में महिला एशियन हॉकी चैम्पियन्स ट्रॉफी 2026 के भोपाल के बरखेड़ा नाथू में स्थित अन्तर्राष्ट्रीय स्पोटर्स कॉम्पलेक्स में आयोजन के लिए संभावित व्यय राशि 18 करोड़ 74 लाख रुपए के व्यय की सैद्धांतिक सहमति प्रदान की है। हॉकी इण्डिया को अन्तर्राष्ट्रीय हॉकी महासंघ द्वारा देश में हॉकी खेल का संचालन, प्रोत्साहन और अन्तर्राष्ट्रीय एवं राष्ट्रीय हॉकी प्रतियोगिताओं के आयोजन के लिए अधिकृत किया गया है। प्रतियोगिता वर्ष 2010 से निरन्तर 2 वर्ष के अन्तराल में आयोजित की जा रही है। इस प्रतियोगिता को आयोजित करने का मुख्य उद्द्देश्य एशियाई महिला हॉकी टीमों की प्रतिभा को वैश्विक स्तर पर प्रदर्शित करना है। महिला एशियन हॉकी चैम्पियन्स ट्रॉफी 2026 में एशिया की प्रमुख 6 महिला टीमों (भारत, चीन, जापान, मलेशिया, साउथ कोरिया, एवं थाईलैण्ड) के लगभग 200 खिलाडी व सपोर्ट स्टॉफ के सम्मिलित होने की संभावना है। यह अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता हॉकी इण्डिया और खेल और युवा कल्याण विभाग द्वारा संयुक्त रूप से आयोजित की जायेगी। अनुबंध अनुसार हॉकी इण्डिया को खेल और युवा कल्याण विभाग द्वारा 'पेजेंटिंग पार्टनर' राईटस के लिए 11 करोड़ रुपए दिये जाएंगे। अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं के लिए विभाग दवारा 7 करोड़ 74 लाख रुपए का व्यय किया जायेगा। इस प्रकार आयोजन पर लगभग 18 करोड़ 74 लाख रुपए का व्यय होना संभावित है। भोपाल के बरखेड़ा नाथू में अन्तर्राष्ट्रीय स्पोटर्स कॉम्पलेक्स को नवीन एवं आधुनिक तकनीकों के अनुरूप अन्तर्राष्ट्रीय स्तर की प्रमुख प्रतियोगिताओं के आयोजन के लिए तैयार किया गया है। एशिया स्तर की अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता के आयोजन से वैश्विक स्तर पर मध्यप्रदेश में निर्मित खेल अधोसरंचना का प्रचार प्रसार होगा। इससे प्रदेश के हॉकी खिलाड़ियों के मनोबल में वृद्धि होगी और एशिया के प्रमुख देशों से सम्मिलित हुई टीमों के खिलाड़ियों के भोपाल आगमन से प्रदेश में पर्यटन को भी बढ़ावा मिलेगा।
माइक्रो सिंचाई परियोजना के लिए 111 करोड़ रुपए
मंत्रि-परिषद ने सिंगरौली की रिहन्द माइक्रो सिंचाई परियोजना को सोलहवें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 1 अप्रैल, 2026 से 31 मार्च, 2031 तक निरन्तर संचालन के लिए 111 करोड़ 4 लाख रुपए की स्वीकृति दी है। रिहन्द माइक्रो सिंचाई परियोजना का मुख्य उद्देश्य गोविन्द वल्लभ पंत सागर रिजर्वायर (रिहन्द नदी पर स्थित) से संचित जल का उद्वहन कर सिंगरौली, माड़ा, वैढन और जावद तहसील के 119 गांवों में 38,000 हेक्टेयर क्षेत्र में सूक्ष्म सिंचाई प्रणाली के माध्यम से सिंचाई के लिए जल प्रदान करना है। मंत्रि-परिषद ने मंदसौर की मल्हारगढ़ दाबयुक्त वृहद उद्वहन सिंचाई परियोजना के सोलहवें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 01 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक निरन्तर संचालन के लिए 184 करोड़ 20 लाख रुपए की स्वीकृति दी है। मल्हारगढ़ दाबयुक्त वृहद उद्वहन सिंचाई परियोजना लिफ्ट सिंचाई परियोजना है। इस परियोजना का मुख्य उद्देश्य मंदसौर जिले की 46,500 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई क्षमता विकसित करना है।
ड्रोन टेक्नोलॉजी सहित विभिन्न योजनाओं के लिए 857 करोड़ रुपए
मंत्रि-परिषद ने आईसर में ड्रोन टेक्नोलॉजी पर आधारित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस की स्थापना के लिए 85 करोड़ 51 लाख रुपए सहित विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग की विभिन्न योजनाओं के सोलहवें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक निरन्तर संचालन के लिए 857 करोड़ 21 लाख रुपए की स्वीकृति प्रदान की है।
आईटी पार्क स्थापना की निरंतरता को मंजूरी
प्रदेश में आईटी पार्क की स्थापना' संबंधी योजना के लिए 595 करोड़ रुपए की स्वीकृति प्रदान की गई है। योजना अंतर्गत प्रदेश में इन्दौर, भोपाल, जबलपुर एवं ग्वालियर में आई.टी. पार्को की स्थापना की गयी है। आई.टी. पार्क एवं आई.टी. टावर्स की स्थापना से प्रदेश में आधुनिक तकनीकी अधोसंरचना का विकास होगा जिससे देश-विदेश के निवेशकों को आकर्षित कर निवेश एवं औद्योगिक गतिविधियों को प्रोत्साहन मिलेगा। परिणामस्वरुप प्रत्यक्ष एवं अप्रत्यक्ष रोजगार के व्यापक अवसर सृजित होंगे तथा 8000 से अधिक स्थानीय युवाओं को कौशल आधारित रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। उल्लेखनीय है कि अब तक लगभग 22000 युवाओ को रोजगार प्राप्त हो चुका है। ग्लोबल इन्वेस्टर्स समिट (GIS) के अंतर्गत संपादित एमओयू के प्रभावी क्रियान्वयन के माध्यम से आई.टी. एवं ई.एस.डी.एम. क्षेत्र का विस्तार होगा जिससे प्रदेश की अर्थव्यवस्था सुदृढ होगी। डिजिटल एवं तकनीकी दक्षता में वृद्धि होगी तथा मध्यप्रदेश राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक उभरते तकनीकी एवं निवेश गंतव्य के रूप में स्थापित होगा। मंत्रि-परिषद ने भारतीय विज्ञान शिक्षा एवं अनुसंधान संस्थान (IISER) भोपाल में ड्रोन टेक्नोलॉजी पर आधारित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस (COE) की स्थापना के लिए कुल लागत 85 करोड़ 51 लाख रुपए में से 17 करोड़ 90 लाख रुपए को आगामी तीन वर्षों तक प्रदाय किए जाने की स्वीकृति दी है। यह एक उन्नत अनुसंधान एवं विकास (R&D) आधारित सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में कार्य करेगा, जिसमें कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI), ड्रोन सिमुलेशन, डिजिटल ट्विन प्रौद्योगिकी, UAV डिजाइन एवं निर्माण, स्वायत्त प्रणालियों तथा उन्नत अनुप्रयोगों पर अनुसंधान एवं नवाचार को बढावा दिया जाएगा। इसके अतिरिक्त केंद्र में स्टार्टअप इन्क्यूबेशन, प्रूफ ऑफ कॉन्सेप्ट (PoC), प्रोटोटाइप विकास एवं परीक्षण जैसी सुविधाएँ विकसित की जाएंगी, जिससे राज्य में ड्रोन प्रौद्योगिकी का एक समग्र एवं आत्मनिर्भर पारिस्थितिकी तंत्र विकसित हो सकेगा।
'नई तकनीक के लिए एम.पी.एस.ई.डी.सी. एवं अन्य संस्थाओं को सहायता' योजना के लिए 110 करोड़ रुपए की स्वीकृति दी गई है। इस योजना का मुख्य उद्देश्य राज्य शासन एवं उसके विभिन्न विभागों को नवीनतम सूचना प्रौद्योगिकी एवं डिजिटल समाधान उपलब्ध कराकर प्रशासनिक कार्यप्रणाली को अधिक दक्ष, पारदर्शी और उत्तरदायी बनाना एवं नागरिकों को त्वरित, सरल और सुरक्षित ऑनलाइन सेवाएं प्रदान करना है। इसमें AI/ML आधारित बिजनेस इंटेलिजेंस, व्हाट्सऐप चैटवॉट, ड्रोन सेवाएं, एसएमएस गेटवे, MP CODE, ई-साइन, राज्य ई-मेल नीति, लो-कोड/नो-कोड प्लेटफॉर्म और सिक्योरिटी ऑडिट लैब जैसी प्रमुख गतिविधियां शामिल हैं। 'मध्यप्रदेश स्टेट स्पाटियल डेटा इन्फ्रास्ट्रक्चर (एम.पी. एस एस डी आई)' योजना के लिए 40 करोड़ 20 लाख रुपए की स्वीकृति दी है। योजना के उद्देश्य राज्य में भौगोलिक सूचना प्रणाली (GIS) तकनीक का उपयोग कर एकीकृत स्थानिक डाटा (Spatial Data) का निर्माण, संधारण एवं अद्यतन करते हुए विभिन्न विभागों, एजेसियों तथा योजनाओं को अद्यतन, विश्वसनीय एवं सुगम जीआइएस आधारित सेवाएँ उपलब्ध कराना है। इससे आपदा प्रबंधन, जल आपूर्ति, भूमि प्रबंधन, शहरी विकास एवं सड़क मरम्मत जैसे क्षेत्रों में रियल टाइम मॉनिटरिंग और निर्णय क्षमता में वृद्धि हुई है। इसी तरह 'क्लाउड सेवाओं का प्रदाय व प्रबंधन' के लिए 26 करोड़ 50 लाख रुपए की स्वीकृति दी गई है। इसका उद्देश्य डिजिटल मध्यप्रदेश की परिकल्पना को साकार करने और शासन की सभी सेवाओं में डिजिटल परिवर्तन (डिटिटल ट्रांसफार्मेशन) को गति देना है। इस योजना के अंतर्गत, मध्यप्रदेश स्टेट इलेक्ट्रॉनिक्स डेवलपमेंट कॉरपोरेशन (MPSEDC) द्वारा तैयार क्लाउड अंगीकरण रूपरेखा (Cloud Adoption Framework) के आधार पर सभी शासकीय एवं अर्ध-शासकीय विभागों को सुरक्षित, लचीली, स्केलेवल एवं किफायती क्लाउड सेवाएं प्रदान की जा रही है। इसके माध्यम से शासन को अपने आईटी संसाधनों के निर्माण और रखरखाव पर भारी पूंजीगत निवेश की आवश्यकता नहीं होती है। आवश्यकतानुसार कम्प्यूटिंग संसाधन, स्टोरेज, नेटवर्किंग तथा सॉफ्टवेयर सेवाएँ क्लाउड प्लेटफॉर्म से प्राप्त कर सकते है।
ग्वालियर में विद्युत सुरक्षा निरीक्षकालय के नवीन वृत्त कार्यालय की स्थापना
मंत्रि-परिषद ने ग्वालियर में विद्युत सुरक्षा निरीक्षकालय के नवीन वृत्त कार्यालय और 9 नवीन पदों के सृजन की स्वीकृति दी है। सृजन संबंधी कार्यवाही के लिए ऊर्जा विभाग को अधिकृत किया गया है। उल्लेखनीय है कि सभी बड़े राजस्व संभागों (सागर, शहडोल, नर्मदापुरम को छोडकर) में विद्युत निरीक्षकालय के वृत्त कार्यालय स्थापित है। वर्तमान में ग्वालियर एवं चंबल संभाग के विद्युत सुरक्षा और राजस्व संग्रहण संबंधी कार्य भोपाल मुख्यालय से संपादित होते हैं। ग्वालियर में नवीन वृत्त कार्यालय प्रारंभ करने से विशेषत: मुरैना के बामौर और भिंड के मालनपुर औद्योगिक क्षेत्र को लाभ प्राप्त हो सकेगा। इसके अतिरिक्त भविष्य में मुरैना में 600 मेगावाट का बैटरी स्टोरेज सोलर पॉवर प्लांट स्थापित किया जाना है जिसके लिए भी ग्वालियर में नवीन वृत्त कार्यालय स्थापित किया जाना आवश्यक है।
नारायणगढ में जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सहित 9 नवीन पदों के सृजन की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद ने मंदसौर के नारायणगढ़ में जिला एवं अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश का एक नवीन पद सहित 9 नवीन पदों के सृजन की स्वीकृति दी है। इससे वहां नियमित रूप से न्यायालय का संचालन हो सकेगा जिससे स्थानीय अधिवक्ताओं और लोगों की मांग के साथ प्रकरणों का निराकरण किया जा सकेगा और आम जन को सुलभ व त्वरित न्याय मिल सकेगा।
कर्मचारी कल्याण, पेंशन, भविष्य निधि पर बड़ा फैसला
मंत्रि-परिषद ने वित्त विभाग के अंतर्गत कर्मचारी कल्याण, पेंशन, भविष्य निधि और बीमा की योजनाओं के 16वें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 1 अप्रैल, 2026 से मार्च 2031 तक के लिए निरंतर संचालन के लिए 982 करोड़ 49 लाख रुपए की स्वीकृति दी है। स्वीकृति अनुसार संचालनालय पेंशन, भविष्य निधि एवं बीमा की योजनाओं, पेंशन तथा कर्मचारी कल्याण संचालनालय, जिला पेंशन कार्यालय, विभागीय परिसंपत्तियों का संधारण, पेंशनर कल्याण कोष, शासकीय सेवक परिवार कल्याण निधि पर ब्याज, शासकीय कर्मचारी समूह बीमा योजना, शासकीय कर्मचारी सह समूह बीमा योजना को संचालित किया जायेगा।
किसानों को बोनस भुगतान योजना की निरंतरता की स्वीकृति
मंत्रि-परिषद ने खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग अंतर्गत 500 करोड़ से अधिक की योजना अंतर्गत समर्थन मूल्य पर किसानों को उपार्जन पर बोनस भुगतान के 16वें केन्द्रीय वित्त आयोग की अवधि 1 अप्रैल 2026 से 31 मार्च 2031 तक में निरंतर संचालन की स्वीकृति दी है।
इन्हें भी पढ़ें:
- Aaj Ka Rashifal 29 July 2026: इन 4 राशि वालों की खुलेगी किस्मत, नौकरी-व्यापार में मिलेगा बड़ा फायदा, जानें आज का अपना राशिफल
- All School Closed News Today: भारी बारिश का अलर्ट जारी होते ही एक्शन में प्रशासन, अचानक सभी स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों को बंद करने का आदेश, बच्चों के हित में बड़ा फैसला
- Petrol Diesel Price Today 29 July 2026: पेट्रोल 92.42 और डीजल 95.20 रुपए प्रति लीटर, एलपीजी गैस की कीमत भी अब 673 रुपए प्रति सिलेंडर, गुरु पूर्णिमा पर आम जनता के लिए राहत भरी खबर
सामान्यतः पूछे जाने वाले प्रश्नः
उत्तर: यह योजना न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) पर फसल बेचने वाले किसानों को बोनस राशि प्रदान करने से जुड़ी है। मध्यप्रदेश कैबिनेट ने इस योजना को जारी रखने की मंजूरी दी है।
लेखक के बारे में
"दीपक दिल्लीवार, एक अनुभवी पत्रकार हैं, जिन्हें मीडिया इंडस्ट्री में करीब 10 साल का एक्सपीरिएंस है। उन्होंने अपने करियर की शुरुआत एक ऑनलाइन समाचार वेबसाइट से की थी, जहां उन्होंने राजनीति, खेल, ऑटो, मनोरंजन टेक और बिजनेस समेत कई सेक्शन में काम किया। इन्हें राजनीति, खेल, मनोरंजगन, टेक्नोलॉजी, ऑटोमोबाइल और बिजनेस से जुड़ी काफी न्यूज लिखना, पढ़ना काफी पसंद है। इन्होंने इन सभी सेक्शन को बड़े पैमाने पर कवर किया है और पाठकों लिए बेहद शानदार रिपोर्ट पेश की है। दीपक दिल्लीवार, पिछले 5 साल से IBC24 न्यूज पोर्टल पर लीडर के तौर पर काम कर रहे हैं। इन्हें अपनी डेडिकेशन और अलर्टनेस के लिए जाना जाता है। इसी की वजह से वो पाठकों के लिए विश्वसनीय जानकारी के सोर्स बने हुए हैं। वो, निष्पक्ष, एनालिसिस बेस्ड और मजेदार समीक्षा देते हैं, जिससे इनकी फॉलोवर की संख्या में लगातार इजाफा हो रहा है। काम के इतर बात करें, तो दीपक दिल्लीवार को खाली वक्त में फिल्में, क्रिकेट खेलने और किताब पढ़ने में मजा आता है। वो हेल्दी वर्क लाइफ बैलेंस करने में यकीन रखते हैं।"
और भी पढ़ें...Web Title: Dhan ka Bonus Kitna Milega: BJP Govt Take Bold Decision For Payment Bonus to Farmers
भोपाल
और भी पढ़ें ›
Delivery Boy Viral Video: डिलीवरी बॉय की शर्मनाक हरकत, लिफ्ट के अंदर कर रहा था घिनौना काम, CCTV फुटेज देख सोसाइटी के लोग भी रह गए दंग, देखें आप भी..
02 Oct 2026 | 8:05 am
CG Job Vacancy 2026: छत्तीसगढ़ में जॉब ही जॉब, करीब 10 हजार पदों पर इस दिन होगी बंपर भर्ती, योग्यता सिर्फ 10वीं पास, यहां से तुरंत करें आवेदन
02 Oct 2026 | 8:00 am
Amit Shah Visit to Bhopal: आज भोपाल आएंगे केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, गोपालक सम्मेलन में होंगे शामिल, नई कानूनों की प्रदर्शनी का करेंगे उद्घाटन
02 Oct 2026 | 7:38 am
Chhattisgarh Sharab Dukan Band Today: आज छत्तीसगढ़ में नहीं मिलेगी शराब, बंद रहेगी सभी मदिरा दुकानें, मांस-मटन की बिक्री पर भी लगा प्रतिबंध, आदेश जारी
02 Oct 2026 | 7:30 am
DA Hike Order Issues News: नवरात्रि से पहले भर गई सरकारी कर्मचारियों की झोली, राज्य सरकार ने इतने प्रतिशत बढ़ाया महंगाई भत्ता, आदेश भी हुआ जारी
02 Oct 2026 | 6:49 am
Aaj Ka Rashifal 2 October 2026: आज किन राशि वालों पर बरसेगी मां लक्ष्मी की कृपा, नौकरी, कारोबार, पैसा और प्रेम के मामले में कैसा रहेगा आपका दिन? पढ़ें पूरा राशिफल
02 Oct 2026 | 6:26 am
Saturn Nakshatra Transit 2026: 9 अक्टूबर को शनि करेंगे गोचर, इन 3 राशिवालों के जीवन में आएगा बदलाव, रूका हुआ पैसा मिलेगा वापस
02 Oct 2026 | 6:17 am
Vande Bharat: UP का रण.. किसके ब्राह्मण? MLC चुनाव में 11 में 5 ब्राह्मण चेहरे, क्या ये 2027 से पहले सोशल इंजीनियरिंग की बड़ी तैयारी है?
01 Oct 2026 | 11:57 pm