IBC24 Swarn Sharda Scholarship 2022 : 12वीं टॉपर मर्यादा जैन बोलीं- मुझे दुनिया एक सफल इंजीनियर के रूप में जाने

IBC24 Swarn Sharda Scholarship 2022 : 12वीं टॉपर मर्यादा जैन बोलीं- मुझे दुनिया एक सफल इंजीनियर के रूप में जाने

IBC24 Swarn Sharda Scholarship 2022 : 12वीं टॉपर मर्यादा जैन बोलीं- मुझे दुनिया एक सफल इंजीनियर के रूप में जाने

IBC24 Swarn Sharda Scholarship 2022: Success Story of 12th Topper Maryada jain

Modified Date: November 29, 2022 / 10:10 am IST
Published Date: July 7, 2022 4:01 am IST

रायपुर। IBC24 Swarn Sharda Scholarship 2022 :  अपने सामाजिक सरोकारो को निभाते हुए IBC24 समाचार चैनल हर साल स्वर्ण शारदा स्कॉलरशिप सम्मान से जिले की टॉपर बेटियों को सम्मानित करता है। इस साल भी IBC24 समाचार चैनल की ओर से स्वर्ण शारदा स्कॉलरशिप दिया जा रहा है। IBC24 की ओर से दी जाने वाली स्वर्ण शारदा स्कॉलरशिप केवल टॉपर बेटियों को ही नहीं बल्कि छत्तीसगढ़ के प्रत्येक संभाग के टॉपर बेटों को भी दी जाएगी। जशपुर जिले की मर्यादा जैन ने जिले का मान बढ़ाया है। 12वीं परीक्षा में 461 अंक हासिल किया। मर्यादा जैन ने शा. आत्मानंद हा. से. स्कूल, जशपुर में अपना पढ़ाई पूरी की है।

मर्यादा जैन ने कहा कि “पापा की किताबों की दुकान है। यह मैं जब देखती हूं तो मुझे और अधिक पढ़ने की इच्छा होती है। पापा ने हमेशा मुझे प्रेरित किया है।“

मर्यादा की चाहत, मुझे दुनिया एक सफल इंजीनियर के रूप में जाने

मर्यादा जैन की जुबानी.. मैं पापा की किताबों की दुकान में जाती थी तो मुझे लगता था कि इन किताबों में दुनियाभर की समस्या के समाधान छिपे हुए हैं। पढ़ने का मेरा शौक इतना अधिक है कि मैं कोई समझौता अपनी पढ़ाई से करती नहीं। जब नतीजे आए और मेरा नाम टॉपर्स में नजर आया तो स्वाभाविक है मेरी खुशी का कोई ठिकाना नहीं रहा। यह पहला अवसर नहीं था जब मैंने टॉप किया हो। मैं अपनी पुरानी क्लासेस में भी टॉपर रह चुकी हूं। मैंने पढ़ाई का अपना एक शिड्यूल तय किया। घंटों में विषयों को बांटकर पढ़ा। जहां ज्यादा जरूरत थी वहां ज्यादा पढ़ा। अपने शिक्षकों की मदद ली। एक तय दिनचर्या में पढ़ाई की। विषय का रट्टा नहीं माना, बल्कि समझ-समझकर पढ़ा। एक-एक प्रश्न को पहले समझती थी फिर उसके संभावित उत्तरों पर काम करती थी। कहीं कोई शंका हो तो अपने शिक्षकों की मदद लेती थी। मैं घर में अपनी तीनों बहनों में सबसे छोटी हूं। इसलिए घर में लाडली भी ज्यादा हूं। मम्मी ने मेरे इस सफर में खूब मदद की। घर के रोजमर्रा के कामों से भी मुझे मुक्त रखा। समय-समय पर पढ़ाई को लेकर बताती रहीं। मुझे पढ़ाई के अलावा क्रॉफ्टिंग का शौक है। डांस, पैंटिंग, एंकरिंग करती हूं। एंकरिंग मुझे उत्साह देती है। शब्दों का भंडार बढ़ाती है और विचार भी सिंक्रोनाइज होते हैं। टॉपर के लक्ष्य को हासिल करने के बाद अब मैं इंजीनियरिंग की तैयारी में जुट गई हूं। अपने करियर को एक इंजीनियर के रूप में डिजाइन किया है। चाहती हूं मेरा नाम इंजीनियर के रूप में दुनिया जाने।


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