सीरम ने राज्य सरकारों के लिये टीके की कीमत घटाकर 300 रुपये प्रति खुराक की

सीरम ने राज्य सरकारों के लिये टीके की कीमत घटाकर 300 रुपये प्रति खुराक की

सीरम ने राज्य सरकारों के लिये टीके की कीमत घटाकर 300 रुपये प्रति खुराक की
Modified Date: November 29, 2022 / 08:17 pm IST
Published Date: April 28, 2021 3:08 pm IST

नयी दिल्ली, 28 अप्रैल (भाषा) देश में कोरोना वायरस टीका- कोविशील्ड बनाने वाली सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया (एसआईआई) ने बुधवार को राज्यों को बेचे जाने वाले टीके की कीमत घटा दी। इससे राज्यों को अब टीके के लिये पहले घोषित 400 रुपये प्रति डोज (खुराक) की जगह 300 रुपये प्रति खुराक की दर से मूल्य चुने होंगे।

कंपनी की कीमत नीति का लेकर व्यापक स्तर पर आलोचना के बाद यह कदम उठाया गया है क्योंकि सीरम इंस्टीट्यूट अपनी वैक्सीन कोविशील्ड केंद्र सरकार को 150 रुपये प्रति खुराक की दर से बेची आ रही है।

एसआईआई के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) अदार पूनावाला ने ट्विटर पर राज्यों के लिये टीके की कीमत घटाये जाने की घोषण की।

उन्होंने लिखा है, ‘‘सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया की तरफ से परमार्थ रुख के रूप में राज्यों के लिये कीमत 400 रुपये से घटाकर 300 रुपये प्रति खुराक की जा रही है। इससे राज्यों को हजारों करोड़ रुपये की बचत होगी। इससे और टीकाकरण हो सकेगा तथा अनगिनत जीवन बचाए जा सकेंगे।’’

आधिकारिक सूत्रों के अनुसार केंद्र सरकार ने सोमवार को एसआईआई और भारत बॉयोटेक से कोविड-19 टीकों की कीमत कम करने को कहा था। इससे पहले, विभिन्न राज्यों ने अलग-अलग कीमत को लेकर कंपनियों की आलोचना करते हुए कहा था के वे इस भीषण संकट के समय मुनाफा कमाने में लगी हैं।

मंत्रिमंडल सचिव राजीव गौबा की अध्यक्षता में बैठक में टीके की कीमत के मुद्दे पर चर्चा हुई थी।

कई राज्यों ने टीकों की अलग-अलग कीमतों को लेकर आपत्ति जतायी थी।

पिछले सप्ताह, एसआईआई ने कोविशील्ड टीके के लिये कीमत नीति का बचाव करते हुए कहा था कि पूर्व का दाम अग्रिम वित्त पोषण पर आधारित था और अब उसने उत्पादन क्षमता बढ़ाने के लिये निवेश किया है।

कंपनी ऑक्सफोर्ड-एस्ट्राजेनका टीका पुणे में बना रही है। कंपनी ने 21 अप्रैल को निजी अस्पतालों के लिये 600 रुपये प्रति खुराक और राज्य सरकारों तथा केंद्र सरकार के नये अनुबंध के लिये 400 रुपये प्रति खुराक कीमत लिये जाने की घोशणा की थी।

भारत ने कोविड-19 टीकाकरण का दायरा बढ़ाते हुए एक मई से 18 वर्ष से अधिक उम्र के सभी लोगों को टीका लगाये जाने की घोषणा की है।

भाषा

रमण मनोहर

मनोहर


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