छत्तीसगढ़ : ईएसआईसी अस्पताल के डॉक्टर का शव सरकारी आवास में फंदे से लटका मिला

छत्तीसगढ़ : ईएसआईसी अस्पताल के डॉक्टर का शव सरकारी आवास में फंदे से लटका मिला

छत्तीसगढ़ : ईएसआईसी अस्पताल के डॉक्टर का शव सरकारी आवास में फंदे से लटका मिला
Modified Date: August 31, 2026 / 12:04 pm IST
Published Date: August 31, 2026 12:04 pm IST

कोरबा, 31 अगस्त (भाषा) छत्तीसगढ़ के कोरबा शहर में ईएसआईसी (कर्मचारी राज्य बीमा निगम) अस्पताल में तैनात 30 वर्षीय डॉक्टर ने कथित तौर पर फांसी लगाकर जान दे दी। पुलिस अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि 30 अगस्त को केरल के पलक्कड़ क्षेत्र के निवासी डॉक्टर एल्विन ए का शव उनके सरकारी निवास के बाथरूम में फंदे से लटका हुआ पाया गया था।

पुलिस को शक है कि एक महिला के साथ रिश्ते में हुए विवाद के कारण उन्होंने यह कदम उठाया।

अधिकारियों ने बताया कि डॉक्टर एल्विन लगभग एक साल पहले कोरबा के ईएसआईसी अस्पताल में तैनात हुए थे तथा अस्पताल कॉलोनी में बने स्टाफ क्वार्टर में अकेले रहते थे।

उन्होंने बताया कि डॉक्टर एल्विन को 29 अगस्त को सुबह करीब नौ बजे बाह्य रोगी विभाग (ओपीडी) में ड्यूटी पर आना था, लेकिन वे काम पर नहीं पहुंचे। अस्पताल के कर्मचारियों ने उनसे फोन पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन कोई जवाब नहीं मिला।

काफी समय तक संपर्क न हो पाने पर, रविवार शाम अस्पताल के कुछ कर्मचारी उनके क्वार्टर पहुंचे। अंदर से कोई जवाब न मिलने पर उन्होंने खिड़की का शीशा तोड़ा और घर के अंदर दाखिल हुए, जहां डॉक्टर का शव बाथरूम में फंदे से लटका मिला।

कोरबा के शहर पुलिस अधीक्षक (सीएसपी) प्रतीक चतुर्वेदी ने बताया कि पुलिस को रविवार शाम घटना की सूचना मिली और सिविल लाइंस पुलिस थाना का एक दल मौके पर पहुंचा।

शुरुआती जांच से पता चला है कि डॉक्टर एल्विन के एक महिला के साथ रिश्ते थे और पिछले कुछ दिनों से दोनों के बीच विवाद चल रहा था।

चतुर्वेदी ने बताया कि उनके परिवार वालों और सहकर्मियों ने हमें इस रिश्ते और विवाद के बारे में बताया है।

उन्होंने बताया कि उनके परिवार ने पुलिस को जानकारी दी कि डॉक्टर एल्विन ने लगभग दो हफ्ते पहले केरल में उसी महिला से शादी के लिए आवेदन किया था, लेकिन बाद में दोनों के बीच मतभेद बढ़ गए थे।

सीएसपी ने कहा, ‘प्रथम दृष्टया ऐसा लगता है कि इस मामले को लेकर परेशान होने के बाद उन्होंने यह कदम उठाया।’

उन्होंने बताया कि उनके आवास से नींद की गोलियां और डिप्रेशन (अवसाद) की दवाएं भी बरामद की गई हैं।

डॉक्टर ने पिछले हफ्ते अपने परिवार को फोन कर कोरबा आने के लिए कहा था और बताया था कि उनकी तबीयत ठीक नहीं है। उनके माता-पिता रविवार को शहर पहुंचे और उन्हें उनकी मौत के बारे में पता चला।

अधिकारी ने बताया कि पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

उन्होंने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और घटनास्थल से सबूत एकत्र किए गए हैं।

भाषा सं संजीव

मनीषा

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