लोकसभा टिकट के लिए दावेदारों ने शुरू की गोलबंदी, पराजित प्रत्याशियों को किनारे करने बनाई जा रही रणनीति

लोकसभा टिकट के लिए दावेदारों ने शुरू की गोलबंदी, पराजित प्रत्याशियों को किनारे करने बनाई जा रही रणनीति

लोकसभा टिकट के लिए दावेदारों ने शुरू की गोलबंदी, पराजित प्रत्याशियों को किनारे करने बनाई जा रही रणनीति
Modified Date: November 29, 2022 / 08:36 pm IST
Published Date: February 19, 2019 9:44 am IST

जगदलपुर। लोकसभा चुनाव को लेकर भारतीय जनता पार्टी में खींचतान जारी है । लोकसभा चुनाव में नए चेहरों को टिकट देने की मांग उठ रही है । इस बीच बस्तर लोकसभा से महेश गागडा ने अपनी दावेदारी पेश कर दी है। राष्ट्रीय युवा मोर्चा के उपाध्यक्ष रह चुके महेश गागडा बीजापुर के विधायक और पिछली सरकार में मंत्री रहे हैं । हालांकि विधानसभा चुनाव में उनको करारी हार का सामना करना पड़ा है । दूसरी तरफ कश्यप परिवार का विरोधी होने की वजह से पार्टी के भीतर लॉबी महेश गागडा को सपोर्ट कर रही है।

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भारतीय जनता पार्टी की सत्ता में वन मंत्री महेश गागडा प्रत्याशी हो सकते हैं । महेश गागडा को केदार कश्यप का विरोधी माना जाता है। ये कयास भी लगाए जा रहे हैं कि कश्यप परिवार का दबदबा बस्तर से खत्म करने के लिए सांसद दिनेश कश्यप की टिकट काटी जा सकती है । ऐसे में महेश गागडा बतौर नया चेहरा प्रत्याशी हो सकते हैं । हालांकि टिकट के दावेदारों की रेस में उनका नाम आने से पार्टी के भीतर सियासत गरमाई हुई है ।

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यही हाल कांकेर लोकसभा का भी है जहां विक्रम उसेंडी विधानसभा चुनाव हार गए हैं। सांसद रहते हुए अपनी ही विधानसभा में शिकस्त झेल चुके विक्रम उसेंडी को अब टिकिट दूर की कौड़ी नजर आ रही है। यहां कई दावेदारों पर पार्टी में विचार विमर्श चल रहा है। पार्टी चेहरा बदलने के लिहाज से ही महेश गागडा को प्रमोट कर सकती है । पिछले कुछ समय से अगर देखें तो युवा चेहरों को पार्टी में बराबर मौका देने की बात सामने आ रही है चर्चा यह भी है कि पूरे प्रदेश में जो करारी शिकस्त झेलनी पड़ी है उसके बाद संगठन में नए चेहरों को मौका देकर पार्टी का जीर्णोद्धार करने की आवश्यकता महसूस की जा रही है।


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