नान घोटाले की एसआईटी जांच के खिलाफ याचिका, चिदंबरम ने रखा शासन का पक्ष

नान घोटाले की एसआईटी जांच के खिलाफ याचिका, चिदंबरम ने रखा शासन का पक्ष

नान घोटाले की एसआईटी जांच के खिलाफ याचिका, चिदंबरम ने रखा शासन का पक्ष
Modified Date: November 29, 2022 / 08:19 pm IST
Published Date: March 14, 2019 9:32 am IST

बिलासपुर। नान घोटाले में एसआईटी जांच के खिलाफ याचिका पर हाईकोर्ट में सुनवाई अब 29 अप्रैल को होगी। गुरुवार को हुई सुनवाई में छत्तीसगढ़ शासन की तरफ से पूर्व केंद्रीय मंत्री और वरिष्ठ अधिवक्ता पी चिदंबरम ने पैरवी की।

वहीं याचिकाकर्ता नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक की तरफ से अधिवक्ता महेश जेठमलानी ने पैरवी की। मामले की सुनवाई चीफ जस्टिस के सिंगल बैंच में हुई। बता दें कि मामले में नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की है। कौशिक ने एसआईटी जांच को राजनीति से प्रेरित बताते हुए जांच पर रोक लगाने की मांग की है।

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याचिका में कहा गया है कि कि तत्कालीन बीजेपी सरकार ने पूरे मामले की आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो से जांच कराई है। जांच के बाद दोषी पाए गए अधिकारियों व कर्मचारियों के खिलाफ अपराध पंजीबद्ध कर गिरफ्तारी भी की गई है। मामले की सुनवाई विशेष अदालत में चल रही है। मामले के आरोपित आईएएस अनिल टूटेगा की मांग पर मुख्यमंत्री ने एसआईटी जांच का आदेश दिया है, जो संदेह को जन्म देता है।

 


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