जुबीन गर्ग की मौत मामले में असम सरकार ने त्वरित अदालत के लिए जोर दिया, पत्नी ने किया स्वागत
जुबीन गर्ग की मौत मामले में असम सरकार ने त्वरित अदालत के लिए जोर दिया, पत्नी ने किया स्वागत
गुवाहाटी, 27 फरवरी (भाषा) गायक जुबीन गर्ग की मौत के मामले की सुनवाई में तेजी लाने के लिए गुवाहाटी उच्च न्यायालय से त्वरित अदालत गठित करने का अनुरोध करने के असम सरकार के फैसले का गायक की पत्नी गरिमा सैकिया गर्ग ने शुक्रवार को स्वागत किया।
गरिमा ने कहा कि परिवार, प्रशंसक और शुभचिंतक सभी चाहते हैं कि उनके पति की मौत के जिम्मेदार लोगों को कड़ी से कड़ी सजा मिले।
मुख्यमंत्री हिमंत विश्व शर्मा ने बृहस्पतिवार को कहा था कि राज्य मंत्रिमंडल ने गुवाहाटी उच्च न्यायालय से त्वरित अदालत की मांग करने का निर्णय लिया है। उन्होंने कहा कि यह फैसला गर्ग परिवार के अनुरोध पर लिया गया, हालांकि सरकार मौजूदा अदालत की कार्यवाही से संतुष्ट है।
जुबीन गर्ग का पिछले वर्ष 19 सितंबर को सिंगापुर में समुद्र में तैराकी के दौरान निधन हो गया था। वह वहां चौथे नॉर्थ ईस्ट इंडिया फेस्टिवल में भाग लेने गए थे।
असम पुलिस की सीआईडी की विशेष जांच टीम (एसआईटी) ने मामले की जांच कर स्थानीय अदालत में सात आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दायर किया है।
कैबिनेट के फैसले पर प्रतिक्रिया देते हुए गरिमा ने संवाददाताओं से कहा, “हम चाहते हैं कि मामला पूरी मजबूती से आगे बढ़े और आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा मिले। हमें उम्मीद है कि न्यायाधीश इसे विशेष मामला मानेंगे।”
उन्होंने कहा, “हम नहीं चाहते कि किसी भी आरोपी को जमानत मिले। जुबीन गर्ग से प्रेम करने वाला कोई भी व्यक्ति ऐसा नहीं चाहेगा।”
यह बयान मुख्यमंत्री के उस दावे के संदर्भ में माना जा रहा है, जिसमें उन्होंने कहा था कि एक मीडिया समूह और कांग्रेस द्वारा न्यायाधीश को बदलवाने और चुनाव से पहले आरोपियों को जमानत दिलाने की “साजिश” रची जा रही है।
गरिमा ने कहा कि एसआईटी की “दोषरहित जांच” में दोषियों की पहचान कर आरोपपत्र दायर किया जा चुका है। उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री ने भी कहा था कि यह घटना सुनियोजित थी और एसआईटी ने भी यही कहा है। अब अदालत में इसे साबित करना है, इसी कारण हम विशेष अदालत की मांग कर रहे थे।”
इससे पहले 16 फरवरी को गरिमा और विशेष लोक अभियोजक जियाउल कमर ने कामरूप महानगर जिला एवं सत्र अदालत में मामले की धीमी गति पर असंतोष जताया था, जहां अभी तक सुनवाई शुरू नहीं हुई है।
मामले में नॉर्थ ईस्ट इंडिया फेस्टिवल के मुख्य आयोजक श्यामकानु महंता, गायक के मैनेजर सिद्धार्थ शर्मा और उनके दो बैंड सदस्य शेखर ज्योति गोस्वामी तथा अमृत प्रभा महंता पर हत्या का आरोप है। वहीं, उनके चचेरे भाई और असम पुलिस के निलंबित डीएसपी संदीपन गर्ग पर गैर-इरादतन हत्या का आरोप लगाया गया है।
गर्ग के दो निजी सुरक्षा अधिकारी नंदेश्वर बोरा और प्रबीन बैश्य भी जेल में हैं, जिन पर आपराधिक साजिश और सौंपे गए धन या संपत्ति के दुरुपयोग का आरोप है।
भाषा मनीषा वैभव
वैभव

Facebook


