जयपुर, 25 मई (भाषा) राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सोमवार को भरतपुर जिले में अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे भीषण गर्मी की स्थिति को देखते हुए पेयजल, बिजली आपूर्ति और चिकित्सा व्यवस्थाओं को मजबूत करें तथा शहर में जलभराव की समस्या से निपटने के लिए दीर्घकालिक योजना तैयार करें।
भरतपुर में जिला स्तरीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक की अध्यक्षता करते हुए शर्मा ने कहा कि विकास कार्य और धरोहर संरक्षण साथ-साथ होना चाहिए, क्योंकि भरतपुर अपनी ऐतिहासिक विरासत के लिए जाना जाता है।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को क्षेत्रीय दौरे बढ़ाने और विकास परियोजनाओं की नियमित निगरानी करने के निर्देश दिए।
उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल आपूर्ति की समीक्षा की और अधिकारियों को टैंकर आपूर्ति एवं जल वितरण को अधिक प्रभावी बनाने को कहा।
शर्मा ने जिले में बिजली आपूर्ति की समीक्षा की और अधिकारियों से ट्रांसफॉर्मर लोड की समस्या दूर करने तथा आवश्यकता पड़ने पर नए ट्रांसफॉर्मर लगाने की बात कही।
उन्होंने अधिकारियों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में पर्याप्त दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने, भीषण गर्मी से बचाव के लिए जागरुकता फैलाने और खाद्य निरीक्षकों द्वारा आकस्मिक निरीक्षण कराने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने जिले में प्राचीन कुंडों के पुनरुद्धार और वृक्षारोपण गतिविधियों को बढ़ावा देने का भी आह्वान किया।
‘वंदे गंगा जल संरक्षण जन अभियान’ के तहत कार्यों की समीक्षा करते हुए शर्मा ने अधिकारियों को एनीकट, नहरों और तालाबों का पुनरुद्धार करने तथा नहरों की सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने शहर गैस पाइपलाइन परियोजना की प्रगति की भी समीक्षा की और अधिकारियों को लंबित निर्माण कार्यों को गुणवत्ता मानकों के साथ शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए।
इससे पहले, शर्मा ने भरतपुर सर्किट हाउस में जनसुनवाई की और अधिकारियों को पारदर्शिता एवं जवाबदेही के साथ जन शिकायतों का त्वरित निस्तारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
भाषा बाकोलिया शोभना
शोभना