बंबई उच्च न्यायालय ने डेल्टिन कंपनी के नये कैसिनो जहाज को गोवा की मांडवी नदी में प्रवेश से रोका
बंबई उच्च न्यायालय ने डेल्टिन कंपनी के नये कैसिनो जहाज को गोवा की मांडवी नदी में प्रवेश से रोका
पणजी, सात मई (भाषा) बंबई उच्च न्यायालय ने डेल्टिन कंपनी के पुराने जहाज की जगह लेने जा रहे उसके नए कैसीनो जहाज को गोवा की मांडवी नदी में प्रवेश करने से यह कहते हुए रोक दिया कि पणजी बंदरगाह में प्रवेश करने से पहले उसे आवश्यक प्रमाण पत्र और अदालत की अनुमति प्राप्त करनी होगी।
उच्च न्यायालय की गोवा पीठ में न्यायमूर्ति वाल्मीकि मेनेजेस और न्यायमूर्ति अमित एस जमसंदेकर की खंडपीठ ने गोवा की स्वतंत्रता सेनानी लिबिया लोबो सरदेसाई, लेखक उदय भेम्ब्रे और सामाजिक कार्यकर्ताओं सुदीप तमांकर और हरीश मदकाइकर द्वारा ‘बस बहुत हो गया आंदोलन’ के बैनर तले दायर की गयी रिट याचिका पर छह मई को अपना अंतरिम आदेश सुनाया।
याचिकाकर्ताओं ने तर्क दिया कि नया जहाज आकार और क्षमता दोनों में मौजूदा जहाज से बड़ा है।
खंडपीठ ने कहा, ‘‘यह देखते हुए कि आज की तारीख में जहाज के पास सर्वेक्षण प्रमाणपत्र नहीं है, हम यह निर्देश देना उचित समझते हैं कि संबंधित जहाज सभी आवश्यक प्रमाणपत्र प्राप्त किए बिना पणजी बंदरगाह, यानी मांडवी नदी में प्रवेश न करे।’’
आदेश में कहा गया है, ‘‘इसके अलावा, भले ही पणजी बंदरगाह में जहाज के प्रवेश के लिए ऐसे प्रमाण पत्र और आवश्यक शर्तें प्राप्त कर ली गई हों, फिर भी जहाज इस न्यायालय की पूर्व अनुमति के बिना बंदरगाह में प्रवेश नहीं करेगा।’’
उच्च न्यायालय ने कहा कि यदि गोवा सरकार नए जहाज में कैसीनो की अनुमति देने का निर्णय लेती है, जो वर्तमान याचिका का विषय है, तो सरकार डेल्टिन कंपनी को कोई भी आदेश जारी करने से पहले ऐसे निर्णय को अदालत के समक्ष रखेगी।
पीठ ने बताया कि गोवा सरकार ने आश्वासन दिया था कि 70 यात्रियों वाले एम वी रॉयल फ्लोटेल (डेल्टिन के स्वामित्व वाला) जहाज के लिए जारी लाइसेंस में संशोधन करने का आदेश सरकार के निर्णय को पहले अदालत के समक्ष रखे बिना नए जहाज, एम वी डेल्टिन रॉयल के पक्ष में संशोधित नहीं किया जाएगा।
उच्च न्यायालय ने मामले की अगली सुनवाई छह जुलाई को तय की।
फिलहाल मांडवी नदी में छह कैसीनो जहाज लंगर डाले हुए हैं।
डेल्टिन के नए पोत की अनुमानित क्षमता 2,000 ग्राहकों की है।
भाषा
राजकुमार माधव
माधव

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